For Quick Alerts
ALLOW NOTIFICATIONS  
For Daily Alerts
 

ललित मोदी: बड़े बेआबरू होकर तेरे कूचे से हम निकले....

चेन्नई। कभी भारत को आईपीएल जैसा रोमांचक तोहफा देने वाले ललित मोदी बीसीसीआई के आंखों के तारा हुआ करते थे और आज वह ललित मोदी आंखों के उतर गये हैं। आज एक ऐतिहासिक फैसले के तहत इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के पूर्व कमिश्नर ललित मोदी की सदस्यता को हमेशा के लिए खत्म कर दिया। जैसा कि आपको पता है कि ललित मोदी को लेकर बीसीसीआई ने सुप्रीम कोर्ट से इजाजत मांगी थी।

जिसके बाद बीसीसीआई ने आज विशेष बैठक की और इस बैठक में क्या हुआ आप सभी को पता ही चल गया। बीसीसीआई के मुताबिक मोदी के खिलाफ अनुशासनहीनता और अनियमितता के आरोप साबित हुए हैं। बोर्ड के इस फैसले के बाद मोदी अब बोर्ड मे किसी प्रकार का पद ग्रहण नहीं कर सकेंगे। ललित मोदी एक क्रिकेट प्रशासक का सारा अधिकार खो चुके हैं। वह भविष्य में बोर्ड से जुड़ा कोई भी पद ग्रहण नहीं कर सकेंगे। साथ ही साथ वह बोर्ड की किसी भी समिति या भी सम्बद्ध समिति का सदस्य नहीं बन सकेंगे।

लेकिन सोचने वाली बात यह है कि जिस ललित मोदी को बीसीसीआई ने आज दरकिनार कर दिया कभी वो ही बीसीसीआई के पैसे उगाने की जिंदा मशीन थे। उनके बिना आईपीएल के किसी रोमांच का कल्पना भी नहीं की जा सकती थी। आज ललित मोदी देश के बाहर है लेकिन कभी आईपीएल को देश से बाहर ना करवाने के लिए ललित मोदी ने एंड़ी-चोटी का दम लगा दिया था। क्रिकेट के सबसे छोटे फार्मेट को ग्लैमर और रोमांच का जामा पहनाने वाले ललित मोदी ही थे। लेकिन वही ललित मोदी बीसीसीआई के लिए बीता हुआ कल हो गये।

आगे की खबर स्लाइडों में..

थरूर से पंगा लेना पड़ा महंगा..

थरूर से पंगा लेना पड़ा महंगा..

झगड़ा तब शुरू हुआ जब ललित मोदी ने आईपीएल 3 के दौरान ट्विट किया कि कैबिनेट मिनिस्टर शशि थरूर कोच्ची टीम की खरीद-फरोख्त के लिए उन पर दवाब डाल रहे हैं। वजह है उनकी तत्कालीन प्रेमिका और मौजूदा पत्नी सुनंदा पुष्कर जो कि कोच्ची टीम को खरीदना चाहती थीं। थरूर ने उन्हें आगे कर के खुद टीम पर पैसा लगा रहे थे। मीडिया में लीक होने के बाद यह खबर आग की तरह फैल गयी जिसने बीसीसीआई के टेबल से लेकर दिल्ली की संसद को हिला कर दिया। थरूर कुर्सी से गये और मोदी बीसीसीआई से। थरूर ने तो बाद में सुनंदा से शादी कर ली लेकिन ललित मोदी का सबकुछ खत्म हो गया उन्हें क्रिकेट, आईपीएल और भारत को भी छोड़कर जाना पड़ा।

श्रीनिवासन ने मोदी के खिलाफ करायी एफआईआर

श्रीनिवासन ने मोदी के खिलाफ करायी एफआईआर

उसके बाद बीसीसीआई के सचिव एन श्रीनिवासन ने इंडियन प्रीमियर लीग के पूर्व प्रमुख ललित मोदी के खिलाफ़ चेन्नई में एक शिकायत दर्ज करवायी। श्रीनिवासन ने कहा था उन्हें लगातार मोदी के खिलाफ गणमान्य लोगों से शिकायतें मिल रही थी जिसमें लेन-देन में आर्थिक अनिमितताओं, पैसे के गलत इस्तेमाल से जुड़ी बातें थीं। अब ये पुलिस का काम है कि इस पर कार्रवाई करे। हमने अपनी शिकायत में ढेर सारे दस्तावेज़ भी संगलग्न किए हैं जिनके माध्यम से हमने ऐसी बातों को उजागर गिया है जिससे पता चले कि आईपीसी की धाराओं का कैसे उल्लंघन किया गया।

मोदी ने मांग कानूनी मदद लेकिन...

मोदी ने मांग कानूनी मदद लेकिन...

श्रीनिवासन की शिकायत के बाद इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के पूर्व कमिश्नर ललित मोदी ने बम्बई उच्च न्यायालय से मदद मांगी लेकिन उनकी याचिका खारिज कर दी गयी जिसके बाद मोदी सुप्रीम कोर्ट पहुंचे। उन्होंने भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) की अनुशासनात्मक समिति को फिर से गठित करने संबंधी याचिका दायर की थी।

मोदी ने मांगी मदद

मोदी ने मांगी मदद

क्योंकि बीसीसीआई ने भ्रष्टाचार के आरोपों के मद्देनजर मोदी के खिलाफ सुनवाई के लिए अनुशासनात्मक समिति का गठन किया था लेकिन मोदी ने यह कहते हुए इस समिति के फिर से गठन की मांग की थी कि समिति में अरुण जेटली और आईपीएल कमिश्नर चिरायु अमीन को शामिल नहीं किया जाए।

जेटली और अमीन पर लगाया आरोप..

जेटली और अमीन पर लगाया आरोप..

मोदी ने दलील दी थी कि अमीन और जेटली उनके प्रति पूर्वाग्रह से ग्रसित हैं। इस संबंध में मोदी की याचिका पर सुनवाई करते हुए बम्बई उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश मोहित शाह और न्यायाधीश डी.वाई. चंद्रचूड़ ने साफ कर दिया था कि समिति में बदलाव की मोदी की मांग नहीं मानी जा सकती।

ललित मोदी की सदस्यता खत्म

ललित मोदी की सदस्यता खत्म

25 सितंबर 2013 को एक ऐतिहासिक फैसले के तहत इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के पूर्व कमिश्नर ललित मोदी की सदस्यता को हमेशा के लिए खत्म कर दिया। मोदी के खिलाफ अनुशासनहीनता और अनियमितता के आरोप साबित हुए हैं।

Story first published: Tuesday, November 14, 2017, 12:19 [IST]
Other articles published on Nov 14, 2017
Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+