
लार, पसीने पर प्रतिबंध के बाद क्या हैं विकल्प-
हाल ही में कोरोनावायरस के चलते गेंदबाजों के पास अब गेंद पर लार लगाकर उसको चमकाने का विकल्प नहीं रह गया है। यह विकल्प रिवर्स स्विंग के लिए सबसे अहम था। जब हिंदुस्तान टाइम्स ने हरभजन सिंह से सवाल किया कि ऑस्ट्रेलिया सरकार ने निकट भविष्य के लिए क्रिकेट में गेंद को चमकाने के लिए लार और पसीने के उपयोग पर प्रतिबंध लगा दिया है। अगर ICC ऐसा करता है तो गेंदबाजों का क्या होगा?
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भज्जी ने कहा- तेज गेंदबाजों को मिले ये मदद
तो इस पर हरभजन ने जवाब दिया, "कोविद -19 की प्रकृति तीव्र है। अगर निकट भविष्य में क्रिकेट फिर से शुरू होता है, तो मुझे लगता है कि लार और पसीने पर प्रतिबंध होगा। यह गेंदबाजों के लिए बहुत मुश्किल होगा। इस परिदृश्य में, पिचों को (एक तरह से) बनाया जाना चाहिए ताकि एक गेंदबाज को कुछ मदद मिल सके। मेरा मतलब है कि अगर कोई गेंदबाज अपनी गेंदबाजी में सुधार के लिए गेंद को चमका भी नहीं सकता है, तो उसे कम से कम पाटा (फ्लैट) विकेट नहीं दिए जाने चाहिए। यदि ऐसा नहीं किया जाता है, तो गेंदबाजों को एक गेंदबाजी मशीन में बदल दिया जाएगा। यह तब केवल एक बल्लेबाज का खेल बन जाएगा।"

15-20 दिनों में पूरी फिटनेस हासिल कर लेता है टॉप खिलाड़ी
इस दौरान हरभजन ने यह भी बताया कि सभी शीर्ष क्रिकेटर ना खेलने पर भी अनुशासित फिटनेस व्यवस्था का पालन करते हैं। विराट कोहली या रोहित शर्मा जैसे खिलाड़ी फिटनेस के महत्व को अच्छी तरह से जानते हैं। उन्होंने कहा, "मुझे लगता है कि जीवन के 15-20 दिनों के भीतर सामान्य होने पर, खिलाड़ी पूरी तरह से शारीरिक फिटनेस हासिल कर सकते हैं और अपने क्रिकेट को छू सकते हैं।"
इसके अलावा इस साल आईपीएल होने के चांस पर हरभजन ने साफ कहा कि मानव जीवन पहले आता है, क्रिकेट इंतजार कर सकता है।


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