नई दिल्ली। आखिर बांग्लादेश की टीम ने विश्व कप 2019 में वो कर दिखाया जो अब तक कोई भी एशियाई टीम नहीं कर सकी थी। बांग्लादेश की टीम ने ना केवल टॉस हारकर पहले बैटिंग करते हुए पूरे ओवर बल्लेबाजी की बल्कि 300 रनों का स्कोर भी पार किया। इतना ही नहीं एशिया के इस छुपे रुस्तम ने दक्षिण अफ्रीका को 21 रनों से मात देकर अपने विश्व कप अभियान की शुरुआत भी शानदार की। बांग्लादेश की टीम जिस तरह से अपने क्रिकेट को विकसित कर चुकी है उसको देखते हुए यह उलटफेर तो नहीं कहा जाएगा लेकिन यह बांग्लादेश के पक्ष में बहुत बड़ा नतीजा है।
बांग्लादेश की ओर से दिए 331 रनों के चुनौतीपूर्ण लक्ष्य का पीछा करते हुए दक्षिण अफ्रीका की शुरुआत अच्छी रही। उसके टॉप ऑर्डर के सभी बल्लेबाजों ने कुछ ना कुछ रनों का योगदान दिया लेकिन वे जरूरी रन गति को अंत तक बनाने मे नाकाम रहे। डिकॉक (23) के रन आउट होने से अफ्रीकी टीम को पहला झटका लगा लेकिन मार्कम (45) और कप्तान डु प्लेसिस (62) ने पारी को संभालते हुए टीम का स्कोर 100 के पार पहुंचा दिया। उसके बाद डेविड मिलर (38) और वैन डेर डूसन (41) ने पारी को आगे बढ़ाया। विकेट दक्षिण अफ्रीका के लिए कभी समस्या नहीं रहे लेकिन रन गति अंत तक एक बड़ा सवाल बनी रही।
रन गति को बरकरार रखने में जूझते हुए जेपी डुमिनी भी 37 गेंदों पर 45 रन बनाकर आउट हो गए। बांग्लादेश की ओर से मुस्तफिजुर रहमान ने तीन और मोहम्मद सैफुद्दीन ने दो विकेट लिए।
इससे पहले बांग्लादेश की टीम ने पहले बैटिंग करते हुए सौम्या सरकार (42 रन, 30 गेंद), शाकिब उल हसन (75 रन, 84 गेंद), मुश्फिकर रहीम (78 रन, 80 गेंद) और निचले क्रम पर महमदुल्ला (46 रन, 33 गेंद) की पारियों की बदौलत निर्धारित 50 ओवर में 6 विकेट के नुकसान पर 330 रन बनाए थे। दक्षिण अफ्रीका की ओर से एंदिले फेलुक्वाओं और इमरान ताहिर ही कुछ हद तक संतोषजनक गेंदबाजी कर सके। इन दोनों से 6 रन प्रति ओवर से कम पर गेंदबाजी करते हुए अपने 10 ओवरों के कोटे में 2 विकेट भी लिए।