लंदन। ब्रिटेन के आतंकवाद निरोधी दस्ते के अधिकारी अगले महीने से दक्षिण अफ्रीका में होने वाले फीफा विश्व कप-2010 के दौरान अमेरिकी और इंग्लैंड की फुटबाल टीमों को निशाना बनाए जाने से जुड़ी आतंकवादी संगठन अल कायदा की धमकी की गंभीरता से जांच कर रहे हैं।
समाचार पत्र 'डेली एक्सप्रेस' ने खबर दी है कि अल कायदा ने विश्व कप के दौरान अपने मंसूबों को अंजाम तक पहुंचाने के लिए जाली टिकट बनाए हैं। इस संगठन ने दक्षिण अफ्रीका में छह आयोजन स्थलों को निशाने पर लेने का कार्यक्रम बनाया है।
अल कायदा ने अपनी एक वेबसाइट के जरिए विश्व कप के दौरान अमेरिका, इग्लैंड एवं कई अन्य देशों की टीमों के खिलाड़ियों और प्रशंसकों को निशाने पर लेने की धमकी जारी की है। इस धमकी के मद्देनजर दक्षिण अफ्रीका में सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद कर दी गई है। खासतौर पर सभी हवाई अड्डों को सुरक्षा घेरे में ले लिया गया है।
हवाई अड्डों पर अपनी टीमों के स्वागत के लिए पहुंचने वाले प्रशंसकों पर रोक लगा दी गई है। अब प्रशंसकों को हवाई अड्डे पर अपने चहेते खिलाड़ियों का दीदार नहीं हो सकेगा। हवाई अड्डों पर टीमों की सुरक्षा के लिए विशेष दस्ते तैनात किए गए हैं और साथ ही यह व्यवस्था भी की गई है कि खिलाड़ी टर्मिनल से बाहर निकले बगैर और अपने प्रशंसकों की नजरों में आए बगैर होटलों की ओर रवाना हो जाएं।
इसे देखते हुए हवाई अड्डों पर स्थित 'ड्रॉप-अप' और 'पिक-अप' जोन को फिलहाल बंद कर दिया गया है। इस कारण स्थानीय लोगों को खासी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। विश्व कप के लिए टीमों का दक्षिण अफ्रीका पहुंचना शुरू हो चुका है। आस्ट्रेलियाई टीम 26 मई, ब्राजीली टीम 27 मई को और डेनमार्क तथा अर्जेटीना की टीमें 29 मई को यहां पहुंच चुकी हैं।
दस आयोजन स्थलों पर 11 जून से 11 जुलाई तक खेले जाने वाले विश्व कप के लिए टीमों का 10 जून तक यहां पहुंचना जारी रहेगा। सबसे बाद में पहुंचने वाली टीम स्विट्जरलैंड की है, जो 10 जून को यहां पहुंचेगी।