नई दिल्ली। आईपीएल के इस सीजन में बरकरार रोमांचक मैचों का दौर 12वें मुकाबले में भी बदस्तूर जारी रहा। अंतिम ओवर की आखिर दो गेंदों तक चली कांटे की टक्कर में बाजी आखिरकार चेन्नई सुपर किंग्स के हाथ लगी और धोनी की टीम ने अपने घरेलू दर्शकों को निराश ना करते हुए यह मुकाबला 8 रनों से जीत लिया।
176 रनों के लक्ष्य का पीछा करते हुए राजस्थान की शुरुआत बेहद ही दयनीय रही। कप्तान अजिंक्य रहाणे बिना खाता खोले ही आउट हो गए जबकि जॉस बटलर (6) और पिछले मैच के शतकवीर संजू सैमसन (8) भी कुछ नहीं कर सके। इसके बाद राहुल त्रिपाठी (39) और स्टीव स्मिथ की जोड़ी ने पारी को संभालने की भरसक कोशिश की लेकिन जब टीम का स्कोर 75 रन था तब त्रिपाठी भी आउट हो गए। इसके बाद स्टीव स्मिथ के पास बेहतरीन पारी खेलने का मौका था लेकिन लगता है अभी उनको डेविड वार्नर की तरह बल्ले का मुंह खोलने में कुछ समय लगेगा।
स्मिथ ने 30 गेंदों पर 28 रनों की धीमी पारी खेली। इसी बीच बेन स्टोक्स ने क्रीज पर टिकते हुए सिंगल्स और डबल्स पर ध्यान केंद्रित रखा। वहीं, कृष्णप्पा गौतम भी 9 बनाकर चलते बने। उसके बाद आए जोफ्रा आर्चर (24) ने स्टोक्स के साथ मिलकर अपनी टीम को जीत दिलाने की काफी कोशिशें की लेकिन राजस्थान की पारी के अंतिम ओवर की पहली गेंद पर ही ब्रावो ने स्टोक्स (46) को आउट कर यह उम्मीद भी तोड़ दी।
इससे पहले राजस्थान की टीम ने टॉस जीतकर चेन्नई को बल्लेबाजी करने का न्यौता दिया। चेन्नई की शुरुआती काफी खराब रही और उसने अपने दोनों ओपनिंग बल्लेबाज सस्ते में गंवा दिए। यहीं नहीं, केदार जाधव भी मध्यक्रम में केवल 8 रन बनाकर आउट हो गए। यहां से टीम के पुराने सदस्यों सुरेश रैना (36) और महेंद्र सिंह धोनी ने मोर्चा संभाल लिया।
रैना को उनादकट ने बोल्ड किया तो ड्वेन ब्रावो (27) ने धोनी के साथ मिलकर रनों की गति को नई धार दी। उनके आउट होने के बाद धोनी और जडेजा की जोड़ी ने पारी के अंतिम ओवर में उनादकट की गेंदों पर जमकर रन पीटे और कुल 28 रन बनाए। धोनी अंत तक 75 रन बनाकर नाबाद रहे। उन्होंने 46 गेंदों का सामना करते हुए 4 चौके और इतने ही छक्के लगाए।