नई दिल्ली: इसमें कोई शक नहीं है कि आज का समय तकनीक का है जो लगातार बढ़ रही है और यह दिन-प्रतिदिन बेहतर होती जा रही है। क्रिकेट भी तकनीक के साथ विकसित हुआ है और हम विभिन्न उद्देश्यों के लिए अक्सर नए उपकरणों को देखते हैं। यह इन्फ्रा-रेड कैमरा हो या बॉल-ट्रैकिंग या यहां तक कि बल्ले की गति और कई एंगल के साथ दिखाए जाने वाले रिप्ले, तकनीक हमेशा खेल में सुधार कर रही है।
आलम यह है कि इन दिनों लगभग हर पैरामीटर को नापने का एक तरीका है। खिलाड़ियों के ट्रेनिंग सत्र में भी कई ऐसी डिवाइस उनकी मदद करती हैं जो उनको बेहतर बनाने के लिए जरूरी डाटा इकठ्ठा करती रहती हैं।
एमएसके प्रसाद, जिन्होंने हाल ही में भारत के चयनकर्ता के रूप में अपना कार्यकाल पूरा किया है, ने इसकी चर्चा की। उन्होंने बताया कि BCCI से अनुबंधित प्रत्येक खिलाड़ी के ऊपर ट्रैकिंग सिस्टम पर लागू होता है। जिससे पता चलता है कि खिलाड़ी कितना भाग रहा है या उसने कितनी ट्रेनिंग ली है। उन्होंने स्वीकार किया कि भारतीय कप्तान विराट कोहली अपनी एक बढ़िया पारी के दौरान लगभग 17 किमी तक दौड़ते हैं और उन्होंने भारत के पूर्व ट्रेनर शंकर बासु की काफी प्रशंसा की।
"यह बीसीसीआई कॉन्ट्रेक्ट में शामिल सभी खिलाड़ियों के लिए लागू है। यहां तक कि अभ्यास कार्यक्रम भी उनके कार्यभार की जानकारी देते हैं। उदाहरण के लिए, कोहली बीच में एक अच्छी पारी के दौरान 17 किमी दौड़ते हैं। सभी विदेशी टीमें भी यही कर रही हैं। फिजियो कार्यभार की निगरानी करते हैं। मुझे कहना चाहिए कि शंकर बासु, जिन्होंने इसे पेश किया, एक अभूतपूर्व ट्रेनर थे, "एमएसके प्रसाद ने स्पोर्टस्टार के साथ एक विशेष साक्षात्कार में कहा।
बता दें कि टीम इंडिया इस समय न्यूजीलैंड में वनडे सीरीज खेल रही है जिसमें पहले वनडे के दौरान विराट कोहली ने अर्धशतकीय पारी खेली थी हालांकि भारत यह मुकाबला 4 विकेट से हार गया।