
विकास कार्यों के लिए 2 करोड़ 78 लाख रुपए खर्च
सचिन तेंदुलकर ने श्री पोट्टी श्रीरामुलू नेल्लोर जिले में स्थित गुदूर मंडल के इस गांव में विकास कार्यों के लिए 2 करोड़ 78 लाख रुपए खर्च किए हैं।
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उन्होंने कम्यूनिटी डेवलपमेंट बिल्डिंग का उद्घाटन किया और ग्रामीणों से इस मौके पर स्वच्छ भारत अभियान के संदर्भ में बात की।
सांसद आदर्श ग्राम योजना के तहत कई पैमानों पर केंद्र सरकारों ने जब सभी गांवों को मापा तो सचिन तेंदुलकर के गोद लिए गांव को सर्वश्रेष्ठ पाया गया।

दो साल पहले विकास कार्यों की आधरशिला रखी
सचिन तेंदुलकर इस गांव में आज ही के दिन ठीक दो साल पहले विकास कार्यों की आधरशिला रखने आए थे। इत्तेफाक से यही दिन था जबकि 2013 में इस क्रिकेट लेजेंड ने क्रिकेट से संन्यास लिया था।

पूरी तरह खुले में शौच मुक्त हुआ गांव
सचिन का गोद लिया गांव पूरी तरह बदल चुका है। इसका कायाकल्प हो चुका है और इसे सचिन ने 'ओपन डेफेकेशन फ्री' गांव घोषित कर दिया है।
इस गांव में नया खेल का मैदान भी बनाया गया है और सचिन ने निर्माण कार्य का प्रथम चरण पूरा होने पर यहां के बच्चों को क्रिकेट बैट और स्पोर्ट किट बांटीं।

खेती, मछली पालन आदि से ताल्लुक रखते हैं ग्रामीण
सचिन तेंदुलकर ने सांसद आदर्श ग्राम योजना के अंतर्गत नेरनूर ग्राम पंचायत और पुत्तमराजुवरी कांद्रिगा गांव को नवंबर 2014 में गोद लिया। नेरनूर ग्राम पंचायत में पुत्तमराजुवरी कांद्रिगा, नेरनूर और गोलापल्ली के कुल 627 घर आते हैं।
इनकी जनसंख्या 1895 है। यहां के लोग मुख्य रूप से खेती, मछली पालन आदि से ताल्लुक रखते हैं।

शानदार हैं सड़कें और घर-घर पानी
विकास से कोसों दूर अंधेरे में डूबे गांव को सचिन ने जब से गोद लिया है, उसके बाद से यहां चौबीसों घंटे पॉवरी सप्लाई है।
यहां की जिन महिलाओं को पानी के लिए गांव से कोसों दूर जाना होता है, आज वह घर में पाइपलान से पानी पा रही हैं।
इस गांव की धूल भरी सड़कें अब सीसी रोड बन चुकी हैं। यहां सफाई और हाईजीन का खास ख्याल रखा गया है।
यह गांव पूरी तरह खुले में शौचमुक्त हो चुका है। यहां अंडरग्राउंड ड्रेनेज सिस्टम भी है।


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