समाचार पत्र 'डेली एक्सप्रेस' ने इसे कापेलो की एक बड़ी जीत करार दिया है क्योंकि वह बिल्कुल नहीं चाहते थे कि 'डब्लूएजी' कहलाने वाली खिलाड़ियों की पत्नियां और प्रेमिकाएं दक्षिण अफ्रीका जाएं।
कापेलो के मुताबिक इस वर्ष इंग्लैंड के फुटबाल विश्व कप खिताब जीतने की पूरी उम्मीद है और प्रेमिकाओं तथा पत्नियों की मौजूदगी के कारण खिलाड़ियों का ध्यान भंग होने का खतरा हो सकता है।
कापेलो मानते हैं कि विश्व कप के पिछले संस्करण में इंग्लैंड टीम का प्रदर्शन काफी हद तक इसी वजह से प्रभावित हुआ था। विश्व कप का आयोजन इस वर्ष जून-जुलाई में होना है।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।