ग्रुप-ए की तीसरी टीम आस्ट्रेलिया है और इस लिहाज से दोनों टीमें उससे भिड़ने से पहले अपने नाम एक जीत दर्ज करा लेना चाहेंगी, जिससे कि उनके सुपर-8 दौर में पहुंचने का रास्ता साफ हो जाएगा।
विश्व कप में पाकिस्तान का रिकार्ड अब तक काफी अच्छा रहा है। उसने कुल 14 मुकाबले खेले हैं, जिनमें से 10 में उसकी जीत हुई है। यह विश्व कप में किसी टीम की सर्वाधिक जीत का आंकड़ा है।
दूसरी ओर, बांग्लादेश की टीम ने अब तक विश्व कप में सात मैच खेले हैं और उसे सिर्फ एक जीत नसीब हुई है। छह मैचों में उसे हार का सामना करना पड़ा है। इस लिहाज से बांग्लादेश की टीम एक बड़ी जीत के साथ विश्व कप के तीसरे संस्करण का शानदार आगाज करना चाहेगी।
पाकिस्तानी टीम अपने कई प्रमुख खिलाड़ियों के बगैर वेस्टइंडीज पहुंची है। शोएब मलिक, उमर गुल और यासिर अराफात के बगैर उसे जीत हासिल करने में थोड़ी मुश्किल होगी लेकिन विशेषज्ञों का मानना है कि खिताब बचाने के लिए उसके पास जरूरी संतुलन है।
अभ्यास मैचों में पाकिस्तान का प्रदर्शन अच्छा नहीं रहा है। गुरुवार को उसे जिंबाब्वे के हाथों हार का सामना करना पड़ा था। इसलिए पाकिस्तान को बांग्लादेश या फिर किसी भी कमजोर टीम को कमतर आंकने की भूल करने से बचना होगा।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।