चैंबर्स ने ओलंपिक ट्रायल में 10.00 सेकेंड समय के साथ पहला स्थान प्राप्त किया। रेस जीतने के बाद उम्मीद लगाये बैठे चैंबर्स को लंदन उच्च न्यायालय में डोपिंग मामले की सुनवाई के अंतर्गत बुधवार को प्रस्तुत होना है।
ब्रिटिश ओलंपिक एसोसिएशन के नियमों के मुताबिक डोपिंग का दोषी पाया गया कोई भी खिलाड़ी ओलंपिक में देश का प्रतिनिधित्व नहीं कर सकता है। चैंबर्स ने अदालत से माफी देने की मांग की है। अब चैंबर्स का ओलंपिक में हिस्सा ले पाना पूरी तरह अदालत के फैसले पर निर्भर करेगा।
चैंबर्स को अगर ओलंपिक में भाग लेने की इजाजत नहीं मिलती है तो ट्रायल में दूसरे स्थान पर आने वाले क्रेग पिकरिंग को बीजिंग में अपने देश का प्रतिनिधित्व करने का मौका मिल जाएगा।
2003 में चैंबर्स को प्रतिबंधित दवाओं के सेवन का दोषी पाया गया था। अंतर्राष्ट्रीय एथलेटिक्स फेडरेशन ने चैंबर्स की सभी उपलब्धियों को रिकार्ड बुक से हटा दिया था।