मैच के बाद सानिया ने कहा, "मैं निराश नहीं हूं। दरअसल, मैं इस हार को एक सबक के तौर पर लूंगी और युगल तथा मिश्रित युगल मुकाबलों में अच्छा प्रदर्शन करुं गी। इन वर्गो में मेरे साथी काफी प्रतिभाशाली हैं, इस लिहाज से मुझे उनसे काफी मदद मिलने के आसार हैं।"
सानिया ने कहा कि उनके लिए यह मैच परिणाम के लिहाज से अच्छा नहीं रहा लेकिन वह अपने खेल के स्तर से निराश नहीं हैं।
बकौल सानिया, "मैं हार गई, यह अलग बात है लेकिन मैं अपने खेल से निराश नहीं हूं। यह अलग बात है कि मैंने कुछ अच्छे मौके गंवाए और यही कारण है कि मैं पिछड़ती चली गई। दरअसल, इस टूर्नामेंट से पहले मैंने बहुत अच्छी तरह अभ्यास नहीं किया था। मेरे लिए यही हार का कारण बना।"
उल्लेखनीय है कि बुधवार को खेले गए दूसरे दौर के मुकाबले में सानिया को विश्व की 11वीं वरीयता प्राप्त खिलाड़ी रूस की नादिया पेत्रोवा ने 6-3, 6-2 से पराजित किया।
कलाई की चोट से उबरने के बाद सानिया ने पहले दौर में पोलैंड की मार्ता दोमाचोवास्का के खिलाफ शानदार जीत दर्ज की थी लेकिन पेत्रोवा के खिलाफ वह अपना स्वाभाविक खेल नहीं दिखा सकीं।
मैच के दौरान सानिया को टूर्नामेंट की 10वीं वरीय खिलाड़ी पेत्रोवा पर हावी होने के कई अच्छे मौका मिले लेकिन वह उन्हें भुना नहीं सकीं।
पेत्रोवा ने मैच के दौरान सात एस लगाए जबकि सानिया सिर्फ दो मौकों पर एस लगा सकीं। इसके अलावा सानिया ने तीन बार बेजा गलतियां कीं, जिससे पेत्रोवा को काफी फायदा मिला।
महिला वर्ग के युगल और मिश्रित युगल मुकाबलों में सानिया की चुनौती बरकरार है। युगल वर्ग में वह अमेरिका की वानिया किंग के साथ उतरेंगी जबकि मिश्रित युगल में वह भारत के दिग्गज खिलाड़ी महेश भूपति के साथ चुनौती पेश करेंगी।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।