नई दिल्ली। फीफा वर्ल्ड कप 2018 के अपने पहले मैच में ड्रा से आहत अर्जेंटीना की टीम अपने कप्तान लियोनल मेसी की बदौलत गुरुवार को क्रोएशिया के खिलाफ ग्रुप विश्व कप के ग्रुप डी के अहम मुकाबले में जीत दर्ज करने का प्रयास करेगी। मेसी की शुरूआत हालांकि विश्व कप में अच्छी नहीं रही, वह पेनल्टी पर गोल करने से चूक गए थे, जिससे अर्जेंटीना ने आइसलैंड से 1-1 से ड्रा खेला।
मेसी की शुरुआत हालांकि विश्व कप में अच्छी नहीं रही, वह पेनल्टी पर गोल करने से चूक गए थे और अर्जेंटीना ने आइसलैंड से 1-1 से ड्रॉ खेला। इस नतीजे से अर्जेंटीना के इस विश्व कप में चुनौती पेश करने की काबिलियत पर भी संशय बन गया है। अगर गुरुवार को टीम को निराशाजनक परिणाम मिलता है तो टीम ग्रुप चरण से ही बाहर हो सकती है और यह 2002 विश्व कप की तरह ही होगा, जिसमें उसे पहले दौर में ही बाहर होना पड़ा था। महान खिलाड़ी डिएगो माराडोना ने आइसलैंड के नतीजे को शर्मनाक बताया था और कोच जोर्गे सैमपाओली को चेताया था कि वह इस तरह के प्रदर्शन से अर्जेंटीना वापस नहीं जा पाएंगे।
अर्जेंटीना के फैंस हालांकि बार्सिलोना के इस स्टार खिलाड़ी मेसी के समर्थक हैं। स्ट्राइकर पाउलो डाईबाला ने कहा, 'हम सभी उसके साथ हैं, वह जानता है कि उसे किसी अन्य के अलावा हम सभी के समर्थन की जरूरत है। हम उसे हर क्षण मदद करने को तैयार हैं और निश्चित रूप से उसके साथ हैं।' आइसलैंड के खिलाफ एक अंक के बावजूद अर्जेंटीना की टीम इस बात से प्रेरणा ले सकती है कि उसने 26 शॉट लगाए और 72 प्रतिशत समय गेंद पर कब्जा रखा। सैमपाओली के इस मैच में कई बदलाव करने पर विचार कर रहे हैं जिसमें युवा फारवर्ड क्रिस्टियन पावोन को एंजेल डि मारिया की जगह उतारना भी शामिल है।
वहीं क्रोएशिया ने शुरुआती मैच में नाइजीरिया के खिलाफ 2-0 की जीत से अहम तीन अंक हासिल किए। हालांकि टीम इसके अलावा कई परेशानियों से जूझ रही है। टूर्नामेंट में आने से पहले कप्तान लुका मोदरिच पर भ्रष्टचार घोटाले में झूठी गवाही का आरोप लगा। स्ट्राइकर निकोला कालिनिच पीठ की चोट के कारण रूस से चले गए और कोच ज्लाटको डालिच का कहना है कि शुरुआती एकादश से बाहर किए जाने पर उन्होंने स्थानापन्न खिलाड़ी के तौर पर उतरने से इनकार कर दिया था।