कोलंबो वनडे में श्रीलंका ने भारत के सामने जीत के लिए 321 रनों का लक्ष्य रखा था लेकिन भारतीय टीम रन बनाकर ही आउट हो गई.
भारतीय बल्लेबाज़ी ने मैच में निराश किया. केवल युवराज सिंह (73) और धोनी (53 रन) ही कुछ कमाल दिखाए पाए.
श्रीलंका ने पहले बल्लेबाज़ी करते हुए निर्धारित 50 ओवरों में आठ विकेट के नुकसान पर 320 रन बनाए. पारी की शुरुआत जयसूर्या और दिलशान ने की. जयसूर्या 11 ओवर में 37 रन बनाकर इरफ़ान पठान की गेंद पर आउट हुए.
इसके बाद संगकारा और दिलशान के बीच ज़बरदस्त साझेदारी हुए. दोनों ने मैदान पर ख़ूब चौके लगाए और श्रीलंका के स्कोर को 209 पर ले गए. 209 के स्कोर पर संगकारा युवराज का शिकार हो गए. उन्होंने 70 गेंदों में 84 रन ठोके
. थिलन कन्दांबी 26 रन बनाकर आउट हुए. इस बीच दिलशान शतक की ओर बढ़ रहे थे और 100 से केवल तीन रन दूर थे जब वे रन आउट हो गए. 97 रनों की पारी में उन्होंने नौ चौके लगाए. तब श्रीलंका का स्कोर था पाँच विकेट पर 255 रन.
इसके बाद कापुगेदरा, जयवर्धने, तुषारा और महरूफ़ जल्दी-जल्दी आउट हो गए वरना श्रीलंका ने 50 ओवरों में आठ विकेट के नुकसान पर 320 रन बनाए.
बदले में भारतीय पारी की शुरुआत बेहद ही ख़राब रही. दूसरे ही ओवर में सहवाग ( छह रन) और तीसरे ओवर में सुरेश रैन ( शून्य) आउट हो गए. गंभीर भी केवल 13 रन बनाकर कुलशेखरा का शिकार हो गए. यानी तीन विकेट के नुकसान पर भारत का स्कोर केवल 52 रन ही था.
इसके बाद युवराज सिंह आए और भारतीय पारी को संभालने की कोशिश की. उन्होंने बेहतरीन शॉट लगाए लेकिन 73 के निजी स्कोर पर मुरलीधरन ने उन्हें आउट कर दिया. उन्होंने 62 गेंदों में 11 चौके लगाए.