मोदी पर आईपीएल के अध्यक्ष के तौर पर कई वित्तीय अनियमितताओं के माध्यम से करीब 1,200 से 1500 करोड़ रुपये के गबन का आरोप है। इसके मद्देनजर बीसीसीआई द्वारा मोदी पर आपराधिक मुकदमा दायर करने की संभावना है।
ललित मोदी पर लगे आरोपों की जांच कर रही बीसीसीआई की तीन सदस्यीय अनुशासन समिति में बोर्ड के अध्यक्ष शशांक मनोहर के स्थान पर ज्योतिरादित्य सिंधिया को शामिल किया गया है। बोर्ड की विशेष आम बैठक में यह फैसला किया गया।
सिंधिया मध्य प्रदेश क्रिकेट एसोसिएशन के अध्यक्ष हैं। समिति के अन्य सदस्य अरुण जेटली और आईपीएल के अंतरिम अध्यक्ष चिरायु अमीन हैं।
मनोहर ने मोदी द्वारा अपने और बीसीसीआई सचिव एन. श्रीनिवासन के खिलाफ लगाए गए आरोपों के बाद जांच से खुद को अलग कर लिया।
बीसीसीआई के एक सूत्र ने कहा कि विशेष आम बैठक में मोदी के खिलाफ लगे आरोपों पर मुहर लगाने के दौरान किसी भी सदस्य ने इसका विरोध नहीं किया।
तीन कारण बताओ नोटिसों के जवाब में मोदी द्वारा दिए गए उत्तर को श्रीनिवासन द्वारा खारिज किए जाने और आगे की कार्रवाई के लिए आरोपों को बीसीसीआई की अनुशासन समिति को सौंपे जाने के बाद विशेष आम बैठक का आयोजन किया गया।
बीसीसीआई ने मोदी पर कई आरोप लगाते हुए उन्हें जवाब देने को लेकर नोटिस थमाया था। मोदी ने अपने खिलाफ जारी तीन नोटिसों का जवाब दिया था लेकिन बीसीसीआई सचिव एन. श्रीनिवासन ने उन्हें 'असंतोषजनक' कहकर उन्हें नकार दिया था।
इसके बाद श्रीनिवासन ने इस मामले में फैसले के लिए विशेष आम बैठक बुलाई लेकिन मोदी खेमे ने इसका खुलकर विरोध किया।
मोदी ने श्रीनिवासन और बीसीसीआई अध्यक्ष शशांक मनोहर पर भी कुछ आरोप तय किए और उनसे उन्हें लेकर अपना जवाब देने को कहा। मोदी ने कहा कि आम बैठक के दौरान वह भी श्रीनिवासन और मनोहर से जवाब मांगेंगे।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।