एबीसी के लोकप्रिय कार्यक्रम 'मीडिया वाच' में सोमवार रात दिल्ली में राष्ट्रमंडल खेलों की सुरक्षा तैयारियों का स्टिंग करने का दावा करने वाले 'चैनल सेवेन' की रिपोर्ट की खामियों को रेखांकित किया गया। दिल्ली पुलिस ने भी इस स्टिंग को फर्जी बताया था। चैनल के संवाददाता माइक डफी इस स्टिंग के जरिए पूरी दुनिया में मशहूर हो गए थे।
मीडिया वाच के होस्ट पॉल बैरी ने कहा कि डफी जो सूटकेस लेकर भारतीय स्टेडियम में दाखिल हुए वह पूरी तरह खाली था। इससे साबित होता है कि रिपोर्टर ने इस स्टिंग को गलत ढंग से अंजाम दिया था। एबीसी का कहना है, "यह स्टिंग उस समय किया गया जब सुरक्षा संबंधी तैयारियां पूरी नहीं थीं। यह पूरा स्टिंग फर्जी और हास्यास्पद था।"
चैनेल सेवेन का दावा था कि उसके संवाददाता सूटकेस में विस्फोटक लेकर स्टेडियम में दाखिल हुए थे लेकिन वहां खड़े सुरक्षाकर्मियों का पता नहीं चला। इस स्टिंग को पिछले सप्ताह प्रसारित करते हुए इस चैनल ने दावा किया था कि सूटकेस में इतना ज्यादा विस्फोटक था कि डेटोनेटर की मदद से 200 विस्फोट किए जा सकते थे।
उधर, एबीसी के दावे पर पत्रकार डफी ने कड़ा ऐतराज जताया है। उन्होंने एबीसी के खिलाफ मानहानि का मुकदमा करने का बात कही है। इसके लिए वह आस्ट्रेलिया के मशहूर वकील मार्क ओ'ब्रायन की मदद ले रहे हैं।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।
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