मैच के दूसरे दिन मंगलवार का खेल खत्म होने तक उप्र ने अपनी पहली पारी में तीन विकेट खोकर 93 रन बना लिए। मुंबई के पहली पारी के स्कोर 402 रनों की तुलना में वह अभी भी 311 रन पीछे चल रही है।
उप्र की पारी को संवारने का सारा दारोमदार शिवाकांत शुक्ला और परमिंदर सिंह पर है, जिन्होंने तमिलनाडु के खिलाफ खेले गए दूसरे सेमीफाइनल मुकाबले में शतक लगाकर अपनी टीम को फाइनल में पहुंचाया था। शुक्ला 178 रन बनाकर नाबाद लौटे थे जबकि सिंह ने 138 रन बनाए थे।
बहरहाल, शुक्ला 136 गेंदों पर सात चौकों की मदद से 46 रन बनाकर खेल रहे हैं जबकि सिंह ने अभी खाता नहीं खोला है। उप्र ने सलामी बल्लेबाज तन्मय श्रीवास्तव (6), सुरेश रैना (0) और कप्तान मोहम्मद कैफ (33) के विकेट गंवाए हैं। रैना रन आउट हुए जबकि श्रीवास्तव और कैफ को जहीर खान ने चलता किया।
इससे पहले, मैच के पहले दिन सोमवार को छह विकेट के नुकसान पर 297 रन बनाने वाली मुंबई की टीम ने दूसरे दिन अपने स्कोर को सम्मानजनक रूप देते हुए 402 रन बना लिए।
पहले दिन 113 रनों पर नाबाद लौटने वाले रोहित शर्मा 141 रन बनाकर आउट हुए जबकि अजीत अगरकर ने 47 रनों का योगदान दिया। दोनों ने सातवें विकेट के लिए 82 रन जोड़े। शर्मा ने 258 गेंदों की अपनी पारी में 22 चौके लगाए जबकि अगरकर ने 99 गेंदों का सामना करते हुए आठ चौके जड़े।
शर्मा और अगरकर के विदा होने के बाद जहीर (33) और धवल कुलकर्णी (नाबाद 11) ने भी उप्र की टीम को परेशान किया। दोनों ने अंतिम विकेट के लिए 50 रन जोड़कर अपनी टीम का कुल योग 400 रनों के पार पहुंचाया।
उप्र की ओर भुवनेश्वर कुमार ने सर्वाधिक पांच विकेट झटके जबकि रुद्र प्रताप सिंह ने तीन और प्रवीण गुप्ता ने दो विकेट लिए ।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।