टॉस हारने के बाद पहले बल्लेबाजी करने उतरी चेन्नई सुपर किंग्स ने निर्धारित 20 ओवरों में तीन विकेट के नुकसान पर 200 रन बनाए। इसके जवाब में बल्लेबाजी करने उतरी वायंबा की टीम 17.1 ओवर में 103 रन ही बना सकी।
वायंबा की ओर से शालीका करुणानायके सर्वाधिक रन बनाने वाले बल्लेबाज रहे। उन्होंने अपनी टीम के लिए 25 रनों का योगदान दिया।
वायंबा की शुरुआत खराब रही और एक-एक कर उसके विकेट गिरते गए। कोई बल्लेबाज विकेट पर टिक नहीं सका। पहले ही ओवर में उसके सलामी बल्लेबाज जीवंत कुलातुंगे बिना खाता खोले पेवेलियन लौट गए।
तीसरे ओवर में जेहान मुबारक सात रन बनाकर चलते बने। चौथे ओवर में माहेला जयवर्धने 10 रन के निजी योग पर आउट हो गए।
थिसिरा परेरा पांचवे ओवर में सात रन बनाकर आउट हो गए। छठे ओवर में कौशल लोकुराचारी छह रन और कौशल जनित परेरा चार रन बनाकर आउट हो गए। इसके बाद इशुरु उदाना ने 13, रंगना हेरथ ने चार और अजन्था मेंडिस ने 15 बनाए।
चेन्नई की ओर से आर. अश्विन ने चार और एल्बी मोर्कल ने तीन विकेट चटकाए। इसके अलावा डगलस बोलिंगर, बालाजी और मुरलीधरन को एक-एक विकेट मिला।
इससे पहले टॉस हारने के बाद पहले बल्लेबाजी करते हुए चेन्नई सुपर किंग्स ने निर्धारित 20 ओवरों में तीन विकेट के नुकसान पर 200 रन बनाए।
चेन्नई की ओर से सुरेश रैना ने तूफानी पारी खेलते हुए 44 गेंदों में छह चौके और छह छक्के की मदद से 87 रन बनाए। मुरली विजय ने भी उनका भरपूर साथ दिया। उन्होंने 46 गेंदों में नौ चौके और एक छक्के की मदद से 68 रन बनाए। दोनों के बीच 137 रनों की साझेदारी हुई।
चेन्नई का पहला विकेट मैथ्यू हेडन के रूप में गिरा। वह 18 गेंदों में 10 रन बनाकर छठे ओवर में आउट हुए। महेंद्र सिंह धौनी 10 और एल्वी मोर्कल 9 रन बनाकर नाबाद रहे।
वायंबा की ओर से चनाका वेलेगेदारा ने दो विकेट हासिल किए जबकि अजन्था मेंडिस को एक विकेट मिला।
उल्लेखनीय है कि ग्रुप-ए में दोनों टीमों का यह दूसरा मुकाबला है। सुपर किंग्स टीम अपना पहला मैच जीत चुकी है जबकि वायंबा को जीत की तलाश है। चेन्नई सुपर किंग्स ने अपने पहले मैच में न्यूजीलैंज की सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट्स स्टैग्स टीम को 57 रनों के विशाल अंतर से हराया था जबकि वायंबा को दक्षिण अफ्रीकी क्लब वारियर्स के हाथों सात विकेट से मात मिली थी।
ग्रुप-ए में विक्टोरिया और सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट्स के अलावा वायंबा इलेवन टीम ने अब तक खाता नहीं खोला है। इसके अलावा वॉरियर्स और सुपर किंग्स टीमें अपने-अपने मैच जीत चुकी हैं। वॉरियर्स को दो मैचों में जीत मिली है।
वर्ष 2009 में भारत में आयोजित चैम्पियन्स लीग का पहला संस्करण खासा लोकप्रिय रहा था। पहले संस्करण में कुल 12 टीमों ने हिस्सा लिया था लेकिन इस बार कुल 10 टीमों के बीच श्रेष्ठता की जंग हो रही है।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।