SAFF चैम्पियनशिप में पाकिस्तान फुटबॉल टीम को चिर-प्रतिद्वंदी भारत के हाथों करारी हार का सामना करना पड़ा। भारतीय टीम ने सुनील छेत्री की शानदार हैट्रिक के दम पर पाकिस्तान को 4-0 से हरा दिया।
इस हार के बाद पाकिस्तान के कोच टोरबेन विटाजेवस्की का मानना है कि टीम को वीजा मिलने में देरी हुई और फ्लाइट के लिए टिकट को लेकर भी मामला टीम के मुताबिक नहीं हुआ, जिसके चलते भारत के खिलाफ परफॉर्मेंस पर काफी असर पड़ा।
हिंदुस्तान टाइम्स से बातचीत के मुताबिक पाकिस्तान टीम के कोच ने कहा कि, 'हमें वीजा काफी देरी से मिला और मुंबई में इमीग्रेशन के साथ एयरपोर्ट पर काफी दिक्कत हुई थी। खिलाड़ियों के लिए चीजें मुश्किल रही।'
खिलाड़ियों का एक ग्रुप मैच शुरू होने से 6 घंटे पहले ही बेंगलुरु में टीम होटल में पहुंच पाया था। यह सभी हालात काफी मुश्किल होते हैं लेकिन आपको इनसे निपटना भी होता है। पाकिस्तान फुटबॉल टीम फ्लाइट पकड़ने में भी टिकट की मारामारी से जूझती रही।
सभी खिलाड़ियों के लिए टिकट एक ही फ्लाइट में उपलब्ध नहीं थे जिसके चलते उन्हें दो हिस्सों में अपनी उड़ान भरनी पड़ी। इस पर बात करते हुए पाकिस्तान कोच कहते हैं कि, 'हम हालात नहीं बदल सकते लेकिन वीजा के साथ समस्या आई थी। हमें मॉरीशस में इसको लेकर काफी समस्याएं हुई है। इन चीजों को हम बदल नहीं सकते हैं, लेकिन आप अगर रात भर यात्रा करते हैं तो खिलाड़ी सो नहीं पाते।
'इससे मैच की तैयारियों पर फर्क पड़ता है, और हम खिलाड़ियों से बहुत ज्यादा उम्मीदें नहीं कर सकते।'
पाक टीम को मुंबई में छत्रपति शिवाजी एयरपोर्ट पर इमिग्रेशन की समस्या से और ज्यादा परेशान कर दिया। इसके चलते कुछ खिलाड़ी मैच शुरू होने से 6 घंटे पहले ही बेंगलुरु पहुंचे और उनको टीम होटल पहुंचते-पहुंचते तीन और घंटे लग गए। जाहिर है मैच की तैयारियों के लिए तीन घंटे पाकिस्तानी कोच के मुताबिक काफी कम ही थे।