केपटाउन। फीफा विश्व कप जिस पर करोड़ों रुपए का सट्टा खेला जा चुका है, अब अपने अंतिम चरण पर पहुंच गया है। इस बार दांव पर लगी हैं नीदरलैंड्स और उरुग्वे। दोनों टीमें मंगलवार को फीफा के पहले सेमीफाइनल में भिड़ेंगी।
केपटाउन के ग्रीन प्वाइंट स्टेडियम में होने वाला यह मुकाबला दोनों टीमों के लिए बेहद खास होगा। इसे जीतकर नीदरलैंड्स की टीम न सिर्फ तीसरी बार फाइनल में पहुंचना चाहेगी बल्कि लगातार 24 मैचों का अपना विजय अभियान भी जारी रखना चाहेगी। वहीं उरुग्वे की टीम 80 वर्ष बाद इस खिताब पर एक बार फिर कब्जा जमाने के मकसद से मैदान में उतरेगी।
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नीदरलैंड्स को कई लिहाज से उरुग्वे से सावधान रहना होगा क्योंकि विश्व कप के शुरुआती संस्करणों में अपनी चमक बिखेरने के बाद गुमनामी के अंधेरे में खोई यह टीम एक बार फिर अपने पुराने अंदाज में दिख रही है। ऐसे में नीदरलैंड्स 11 जुलाई को जोहांसबर्ग में होने वाले खिताबी मुकाबले के लिए अपनी सीट आरक्षित करा सकती है।
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यह विडंबना ही है कि फुटबाल जगत की महाशक्ति मानी जाने वाली नीदरलैंड्स की टीम ने अब तक एक बार भी विश्व कप नहीं जीता है। वह दो बार उपविजेता रही है। इस बार उसने ब्राजील को हराकर सेमीफाइनल में खेलने का श्रेय हासिल किया है और ब्राजील के खिलाफ उसके प्रदर्शन को देखते हुए उसके खिताब जीतने को लेकर कोई शक नहीं रह जाता है।
दोनों टीमों के अब तक के प्रदर्शन पर नजर डालने पर नीदरलैंड्स का पलड़ा भारी नजर आता है। हॉलैंड ने जहां ग्रुप स्तर पर अपने तीनों मैच जीते हैं वहीं उरुग्वे ने पूर्व चैम्पियन फ्रांस को बराबरी पर रोकने के बाद दक्षिण अफ्रीकी और मेक्सिको को पराजित किया था।