इस जीत के साथ ही भारतीय महिला हॉकी टीम की 2010 में अर्जेंटीना में होने वाली महिलाओं की विश्व हॉकी प्रतियोगिता में भी जगह सुनिश्चित हो गयी है. थाईलैंड की राजधानी बैंकॉक में शुक्रवार को खेले गए सेमी फ़ाइनल मुक़ाबले में भारतीय टीम ने दक्षिण कोरिया की टीम पर शुरुआत से ही दबाव बना कर रखा. मैच जसजीत कौर के दो गोलों की बदौलत भारतीय टीम को मैच में 2-0 से बढ़त मिल गई थी. जिसके बाद रानी रामपाल ने एक बेहतरीन गोल दाग कर भारतीय बढ़त को और बड़ा कर दिया.
थाईलैंड की राजधानी बैंकॉक में शुक्रवार को खेले गए सेमी फ़ाइनल मुक़ाबले में भारतीय टीम ने दक्षिण कोरिया की टीम पर शुरुआत से ही दबाव बना कर रखा. मैच जसजीत कौर के दो गोलों की बदौलत भारतीय टीम को मैच में 2-0 से बढ़त मिल गई थी. जिसके बाद रानी रामपाल ने एक बेहतरीन गोल दाग कर भारतीय बढ़त को और बड़ा कर दिया.
जसजीत कौर के दो गोलों की बदौलत भारतीय टीम को मैच में 2-0 से बढ़त मिल गई थी. जिसके बाद रानी रामपाल ने एक बेहतरीन गोल दाग कर भारतीय बढ़त को और बड़ा कर दिया. लेकिन तीन गोल खाने के बाद दक्षिण कोरियाई टीम ने भारतीय गोल पोस्ट की तरफ अपने आक्रमण तेज़ कर दिए पर मैच ख़त्म होने तक दक्षिण कोरिया की टीम सिर्फ़ दो गोल ही कर सकी और नतीजा भारतीय टीम के पक्ष में रहा.
भारत की सर्वोच्च हॉकी संस्था हॉकी इंडिया के अध्यक्ष एके मट्टू ने महिला टीम की इस उपलब्धि पर बधाई देते हुए कहा, "महिला टीम की इस सराहनीय उपलब्धि की हम दाद देते हैं. अगले महिला विश्व कप में जगह बनाने से टीम का सम्मान बढ़ा है." जबकि शुक्रवार को ही खेले गए दूसरे सेमी फ़ाइनल मुक़ाबले में चीन की टीम ने जोऊ यू के गोल की बदौलत जापान को एक गोल से मात दी.