नई दिल्ली। पाकिस्तान की हाॅकी टीम का 2020 तोक्यो ओलंपिक खेलने का सपना टूट गया है। रविवार हुए मुकाबले में नीदरलैंड ने 6-1 से राैंदते हुए पाकिस्तान की तोक्यो ओलिंपिक के लिए क्वॉलिफाई करने की उम्मीदें चूर-चूर कर दीं। नीदरलैंड्स और पाकिस्तान के बीच शनिवार को खेला गया पहला क्वॉलिफायर 4-4 से ड्रॉ रहा था लेकिन रविवार को नीदरलैंड्स ने जो खेल दिखाया उसने पाकिस्तान की नींद उड़ाकर रख दी।
नीदरलैंड्स की टीम हाफ टाइम तक 4-0 से आगे थी। मिंक वेन डर वीरदन ने दो बजॉर्न केलरमैन और माइक्रो प्रूइजसर ने घरेलू टीम के लिए एक-एक गोल किया। तीसरे क्वॉर्टर में टेरेंस पीटर्स और जिप जैनसन ने चार मिनट के भीतर गोल कर टीम को बेहद मजबूत स्थिति में पहुंचा दिया। हालांकि रिजवान अली ने 53वें मिनट में पाकिस्तान के लिए एकमात्र गोल किया। पाकिस्तान 3 बार चैंपियन रह चुका है। पाकिस्तान ने 1960, 1968 और 1984 के ओलंपिक में गोल्ड मेडल जीते थे लेकिन उसके बाद से उसका प्रदर्शन लगातार खराब होता गया है। उन्होंने आखिरी बार हॉकी में ओलिंपिक मेडल 1992 के बार्सिलोना ओलिंपिक में ब्रॉन्ज मेडल पर कब्जा किया था।
पाकिस्तानी अखबार डॉन ने खिलाड़ी राशिद महमूद के हवाले से कहा, 'यह एक बुरा दिन है हम ओलिंपिक के लिए क्वॉलिफाइ करने से चूक गए।' उन्होंने कहा, 'हम दूसरे मैच में अच्छा प्रदर्शन नहीं कर पाए। नीदरलैंड्स की टीम ने इस मैच में काफी अच्छे बचाव किए। हमारी शुरुआत अच्छी नहीं रही। हमने कई गलतियां कीं। पहले हाफ में उन्होंने हमारी गलतियों का फायदा उठाया। पहले हाफ में उनकी रफ्तार के साथ तालमेल नहीं बैठा पाए। । नीदरलैंड की टीम बेहद ताकतवर थी और वो अपने मैदान पर खेल रही थी। पाकिस्तान हॉकी का स्तर सुधारने के लिए हमें काफी मेहनत और लगन की जरूरत है।'