इस मुकाबले के लिए कप्तान माहेला जयवर्धने, उपकप्तान कुमार संगकारा, स्पिन गेंदबाज मुथैया मुरलीधरन और असंथा मेंडिस तथा तेज गेंदबाज नुवान कुलसेकरा को आराम दिया गया है।
घुटने की चोट के कारण लगभग एक साल तक टीम से बाहर रहे तेज गेंदबाज लसिथ मलिंगा इस मैच के साथ अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में वापसी करेंगे।
एसएलसी के चयनकर्ताओं ने कहा है कि आने वाले दिनों में टीम के व्यस्त कार्यक्रम को देखते हुए इन खिलाड़ियों को आराम दिया जा रहा है। तिलकरत्ने दिलशान इस मैच में टीम की कमान संभालेंगे।
इस साल श्रीलंका का अंतर्राष्ट्रीय कार्यक्रम काफी व्यस्त है। उसे जिंबाब्वे, न्यूजीलैंड और पाकिस्तान का दौरा करने के अलावा जून में इंग्लैंड में ट्वेंटी-20 विश्व कप में हिस्सा लेना है। इसके अलावा उसे सितंबर-अक्टूबर में चैंपियंस ट्रॉफी में भी हिस्सा लेना है।
प्रेमदासा स्टेडियम में होने वाला यह मुकाबला भारत और श्रीलंका की टीमों के बीच पहली ट्वेंटी-20 भिड़ंत होगी। गौरतलब है कियह मैच श्रीलंका में पहली बार खेला गया अंतर्राष्ट्रीय ट्वेंटी-20 मैच होगा।
भारत ने अब तक 10 ट्वेंटी-20 मैच खेले हैं, जिसमें से छह में उसकी जीत हुई है जबकि दो में उसे हार का सामना करना पड़ा है। एक मैच टाई रहा है और एक का परिणाम नहीं निकल सका।
मंगलवार के मुकाबले में भारतीय टीम का पलड़ा भारी दिख रहा है। इसके दो कारण हैं। एक तो भारत मौजूदा ट्वेंटी-20 चैंपियन है और दूसरा हाल ही में हुई एकदिवसीय श्रृंखला में उसने श्रीलंका को बुरी तरह पराजित किया है।
प्रदर्शन और खिलाड़ियों के मनोबल के लिहाज से भारतीय टीम का पलड़ा भारी दिख ही रहा है, ट्वेंटी-20 मैचों में जीत के प्रतिशत के लिहाज से वह श्रीलंका से बेहतर स्थिति में है।
श्रीलंका ने अब तक 12 मैच खेले हैं, जिसमें से आठ में उसकी जीत हुई है जबकि चार में उसे हार का सामना करना पड़ा है। उसकी जीत का प्रतिशत 66.66 प्रतिशत रहा है जबकि भारत ने 72.22 औसत से जीत हासिल की है।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।