जोहांसबर्ग, 25 मार्च (आईएएनएस)। इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) का आयोजन दक्षिण अफ्रीका में कराने जाने का फैसला हो चुका है लेकिन टीमों के सामने सबसे बड़ी दिक्कत छह आयोजन स्थलों पर अपने लिए 'स्थानीय प्रशंसक' तलाशने में आएगी। 'स्थानीय प्रशंसकों' के बूते ही आईपीएल का पहला संस्करण बेहद सफल रहा था।
आईपीएल कमिश्नर ललित मोदी ने भी इसे एक बड़ी समस्या करार दिया है। पत्रकारों को संबोधित करते हुए मोदी ने कहा, "हमारे लिए यह बहुत महत्वपूर्ण सवाल है। टीमों को 'स्थानीय प्रशंसकों' की जरूरत होती है। उन्हीं के दम पर वे अपने मैचों के लिए अधिक से अधिक स्थानीय दर्शकों को आकर्षित कर सकती हैं, लेकिन यहां ऐसी कोई बात अब तक सामने नहीं आई है।"
मोदी ने कहा कि छह प्रमुख आयोजन स्थलों पर मैच कराए जाने हैं और इस लिहाज से सबसे बड़ी दिक्कत इस बात को लेकर होगी कि कौन सी टीम किस स्थान को अपना 'बेस' (आधार स्थल) बनाए।
मोदी ने कहा कि इस समस्या के निवारण के लिए क्रिकेट साउथ अफ्रीका (सीएसए) और आईपीएल की फ्रेंचाइजी टीमों के बीच बातचीत चल रही है।
उन्होंने कहा, "फिलहाल हमने फैसला किया है कि किसी टीम का कोई 'बेस' नहीं होगा। हम सभी 59 मैचों को छह आयोजन स्थलों पर बारी-बारी से कराएंगे। सभी टीमें सभी आयोजन स्थलों पर बराबर संख्या में मैच खेलेंगी।"
मोदी ने बताया कि भारत में आईपीएल मैचों का प्रसारण 'प्राइम टाइम' पर होगा। आईपीएल का प्रसारण हालांकि भारतीय समयानुसार ही कराया जाएगा। दक्षिण अफ्रीका का मानक समय भारत से साढ़े तीन घंटे आगे है।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।