दूसरे दिन का खेल खत्म होने तक कीवी टीम की पहली पारी के 619 रनों के जवाब में भारतीय टीम तीन विकेट के नुकसान पर 79 रन बना कर संकट को दावत दे चुकी है। राहुल द्रविड़ 21 और सचिन तेंदुलकर बिना कोई रन बनाए नाबाद हैं।
नेपियर के मैक्लीन पार्क स्टेडियम में भारतीय टीम ने अपनी पहली पारी में सधी शुरुआत की लेकिन जल्द ही वीरेंद्र सहवाग कीवी कप्तान डेनियल विटोरी का शिकार बन गए। विटोरी की गेंद पर विकेटकीपर मैक्कलम के हाथों लपक लिए जाने से पहले उन्होंने 25 गेंदों पर तेजी से 34 रन बनाए। सहवाग के आउट होने के बाद उनके साथी गंभीर भी लंबे समय तक मैदान पर नहीं टिकसके। वह 53 गेंदों का सामना करते हुए महज 16 रन बनाकर पेवेलियन लौट गए।
दोनों सलामी बल्लेबाजों के पेवलियन लौटने के बाद नाइट वाचमैन की भूमिका में मैदान पर उतरे ईशांत शर्मा भी दूसरे दिन के खेल में शेष बची कुछ गेंदों को नहीं झेल सके। वह विटोरी की फिरकी जाल में फंस गए और दूसरे दिन के खेल के आखिरी लम्हे में पगबाधा करार दिए गए। 13 गेंदों का सामना करने वाले ईशांत अपना खाता भी नहीं खोल सके। भारतीय टीम के तीनों विकेट कीवी टीम दोनों प्रमुख स्पिनरों के खाते में गए। विटोरी ने दो और जीतन पटेल ने एक भारतीय खिलाड़ी को पेवेलियन की राह दिखाई।
पहले दिन के स्कोर चार विकेट पर 351 रन से आगे खेलते हुए कीवी टीम ने दूसरे दिन भी शानदार प्रदर्शन जारी रखा और नौ विकेट पर 619 रन बनाकर पारी घोषित कर दी। पहले दिन नाबाद 137 रन बनाने वाले राइडर ने अपने करियर की अब तक की सर्वश्रेष्ठ पारी खेलते हुए जहीर खान की गेंद पर पेवेलियन लौटने से पहले 201 रन बनाए। उन्होंने अपनी इस पारी में 328 गेंदों का सामना किया और 24 चौके व एक छक्का जड़ा। राइडर के टेस्ट करियर का यह अब तक का सर्वोच्च स्कोर और उनका पहला दोहरा शतक था।
पहले दिन राइडर के साथ नाबाद रहने वाले जेम्स फ्रैंकलिन ने भी दूसरे दिन अर्धशतकीय पारी खेली। वह 52 रन बनाकर रन आउट हुए। राइडर और फ्रैंकलिन के पेवेलियल लौटने के बाद विकेटकीपर- बल्लेबाज मैक्कलम ने धुआंधार बल्लेबाजी करते हुए शतक जड़ दिया। मैक्कलम ने 140 गेंदों पर 115 रन बनाए। उन्होंने अपनी इस शतकीय पारी में 13 चौके भी लगाए। कप्तान विटोरी ने भी 72 गेंदों पर 55 रनों की पारी खेली। खेल के पहले दिन न्यूजीलैंड की ओर से रॉस टेलर ने भी 151 रनों की तूफानी पारी खेली थी।
भारतीय गेंदबाजों के हाथ पहले दिन की तरह दूसरे दिन भी निराशा हाथ लगी। पहले दिन कीवी टीम के चार विकेट निकालने वाले भारतीय गेंदबाज दूसरे दिन भी विकेटों के लिए तरसते रहे। हालांकि दूसरे दिन उन्हें पांच विकेट मिले लेकिन तब तक कीवी टीम पहाड़ के माफिक स्कोर खड़ा कर चुकी थी। जहीर और ईशांत शर्मा सबसे सफल गेंदबाज रहे। दोनों ने तीन-तीन विकेट झटके। उनके अलावा हरभजन सिंह ने दो विकेट अपने नाम किए।
उल्लेखनीय है कि भारत पहला टेस्ट मैच 10 विकेट से जीतकर तीन मैचों की श्रृंखला में 1-0 की बढ़त बनाए हुए है।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।