खबर लिखे जाने तक मैथ्यू हेडन 42 गेंदों पर 45 और एस. बद्रीनाथ 25 गेंदों पर 20 रन बनाकर खेल रहे थे। इससे पहले मुरली विजय 10 रन बनाकर एस. त्रिवेदी की गेंद पर पगबाधा होकर तथा सुरेश रैना 13 रन बनाकर ए. सिंह की गेंद पर ली कार्सेलडाइन को कैच थमाकर पेवेलियन लौट गए।
इससे पहले टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करते हुए रॉयल्स की टीम ने निर्धारित 20 ओवर में सात विकेट खोकर 140 रन बनाए।
पारी के पहले ओवर की तीसरी गेंद पर ही रॉयल्स की टीम को नमन ओझा के रूप में पहला झटका लगा। उन्हें एल्बी मोर्केल ने बोल्ड कर दिया। इसके बाद टीम लगातार विकेट गंवाती रही।
इसके बाद सुपर किंग्स के गेंदबाज मुथैया मुरलीधरन ने स्वप्निल असनोदकर और ग्रीम स्मिथ का विकेट झटका। असनोदकर तीन चौके एवं एक छक्के की मदद से 25 गेंदों पर 26 रन बनाकर पगबाधा आउट करार दिए गए जबकि स्मिथ विकेट कीपर महेंद्र सिंह धौनी को कैच थमा बैठे। स्मिथ ने 33 गेंदों पर 30 रन बनाए। रवींद्र जडेजा का विकेट लक्ष्मीपति बालाजी को मिला। वह 19 गेंद पर 27 रन बनाकर आउट हुए।
इसके बाद यूसुफ पठान भी कुछ खास नहीं कर सके और वह 11 गेंदों पर केवल सात रन बनाकर शादाब जकाती की गेंद पर जैकब ओरम को कैच थमा बैठे। छठे विकेट के रूप में ली कार्सेलडाइन को बालाजी ने रन आउट कर दिया। वह आठ गेंदों पर नौ रन ही बना सके। सातवें विकेट के रूप में महेश रावत को जकाती ने विकेट कीपर धौनी के हाथों स्टंप करवाया।
राजस्थान रॉयल्स के कप्तान शेन वार्न 11 गेंदों पर 21 और शेन हारवुड सात गेंदों पर छह रन बनाकर नाबाद रहे।
चेन्नई की ओर मुरलीधरन और जकाती ने दो-दो विकेट लिए जबकि मोर्केल और बालाजी को एक-एक विकेट मिला।
प्रतियोगिता के पहले संस्करण में दोनों टीमों के बीच खिताबी मुकाबला हुआ था, जिसमें राजस्थान रॉयल्स की जीत हुई थी।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।