आस्ट्रेलिया के समाचार पत्र 'द आस्ट्रेलियन' के मुताबिक सायमंड्स की प्रांतीय टीम क्वींसलैंड ने 2009-10 सत्र के लिए उन्हें अपने साथ जोड़े रखने के लिए अच्छी-खासी रकम का प्रस्ताव दिया है लेकिन सायमंड्स इसे लेकर इच्छुक नहीं दिखाई दे रहे हैं। इसका कारण यह है कि सायमंड्स अब अलग-अलग देशों की प्रांतीय और काउंटी टीमों की ओर से मिल रहे आकर्षक प्रस्तावों पर ध्यान लगाना चाहते हैं।
सायमंड्स को दक्षिण अफ्रीका की कई प्रांतीय टीमों के साथ -साथ कुछ काउंटी टीमों ने कई प्रस्ताव दिए हैं और उन्हें लेकर वह गंभीरता से विचार कर रहे हैं। सायमंड्स के प्रबंधक मैट फियारॉन ने कहा कि सायमंड्स अब प्रांतीय क्रिकेट के प्रति आकर्षित नहीं दिखाई दे रहे हैं क्योंकि अब वह क्रिकेट के माध्यम से धन कमाना चाहते हैं।
बकौल फियारॉन, "हम अभी कई मुद्दों पर एक साथ विचार कर रहे हैं। आने वाले दिनों में हम इस बात को लेकर फैसला करेंगे कि सायमंड्स आखिर करना क्या चाहते हैं।" सायमंड्स इंडियन प्रीमियर लीग की डेक्कन चार्जर्स टीम के लिए खेलते रहेंगे। सायमंड्स ने 2007 में डेक्कन के साथ तीन साल का करार किया था। इस करार के खत्म होने में अभी एक साल बाकी है। इस टूर्नामेंट से उन्हें करोड़ो रुपये की कमाई होती है।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।