विटोरी को हरफनमौला प्रदर्शन के लिए मैन आफ द मैच चुना गया। उन्होंने बल्ले से 48 रन बनाए और श्रीलंका के दो विकेट चटकाए।
श्रीलंका के कप्तान कुमार संगकारा ने टॉस जीतकर पहले क्षेत्ररक्षण का फैसला किया। पहले बल्लेबाजी करने उतरी न्यूजीलैंड की टीम ने 50 ओवरों में सात विकेट के नुकसान पर 315 रन बनाए। इसके जवाब में खेलने उतरी श्रीलंकाई टीम 46.4 ओवर में 277 रन बनाकर आल आउट हो गई।
श्रीलंका की ओर से जयवर्धने (77), कुलसेकरा (नाबाद 57) और दिलशान (41) को छोड़ कोई भी बल्लेबाज टिक नहीं सका।
श्रीलंका का पहला विकेट सनत जयसूर्या (24) के रूप में गिरा। उन्हें टुफी ने मिल्स के हाथों कैच कराया। इसके बाद दिलशान मिल्स की गेंद पर आउट हो गए। उन्होंने 41 रनों का योगदान दिया। श्रीलंका का तीसरा विकेट कुमार संगकारा (11) के रूप में गिरा। फ्रेंकलिन की गेंद पर वह टेलर को कैच दे बैठे।
समरवीरा 18 के निजी स्कोर पर विटोरी की गेंद पर ब्रूम को कैच दे बैठे। कंदाम्बी 11 रन बनाकर रन आउट हो गए। मैथ्यूज 2 रन बना कर फ्रेंकलिन की गेंद पर गुपटिल के हाथों कैच आउट हो गए। महेला जयवर्धने ने शानदार 77 रन बनाए। वह विटोरी की गेंद पर बोल्ड हो गए। इसके बाद थुषारा (11), मलिंगा (15) और मेंडिस (3) आउट हो गए।
न्यूजीलैंड के गेंदबाज मिल्स ने तीन विकेट चटकाए। विटोरी, टुफी और फ्रैंकलिन को दो-दो विकेट मिले।
इससे पहले कीवी टीम के दोनों सलामी बल्लेबाजों ब्रेंडन मैक्कलम और जेसी राइडर ने संभलकर शुरुआत की और श्रीलंकाई गेंदबाजों को कोई मौका नहीं दिया।
दोनों ने पहले विकेट के लिए 125 रनों की सझेदारी की। राइडर ने 58 गेंदों का सामना करते हुए 10 चौकों और एक छक्के की मदद से 74 रन बनाए। मैक्कलम ने भी 46 रनों की पारी खेली।
दोनों सलामी बल्लेबाजों के आउट होने के बाद कीवी टीम को रॉस टेलर और नेल ब्रूम के रूप में झटका लगा। कप्तान डेनियल विटोरी ने 48 और मार्टिन गुपटिल ने 66 रनों का महत्वपूर्ण योगदान दिया।
श्रीलंका की ओर से एंजेलो मैथ्यू ने दो, सनथ जयसूर्या ने तीन, कुलशेखरा ने एक और मलिंगा ने एक विकेट हासिल किया।
गौरतलब है कि यह मैच दोनों ही टीमों के लिए बेहद अहम था क्योंकि हारने वाली टीम को टूर्नामेंट से बाहर जाना पड़ेगा।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।