झारखण्ड के गृह सचिव जी.बी. तुबिद ने पत्रकारों से कहा, "केंद्रीय गृह मंत्रालय ने दो दिन पहले हमें बताया कि धौनी को पिस्तौल के लिए जरूरी लाइसेंस दे दिया गया है।"
तुबिद के मुताबिक केंद्रीय मंत्रालय ने इस संबंध में उनसे कुछ जानकारियां मांगी थीं। राज्य की ओर से जानकारी मिलने के बाद धौनी के नाम लाइसेंस जारी कर दिया गया।
धौनी के पास पहले ही नॉन-प्रोहिबिटेड बोर के असलहों का लाइसेंस है। उन्होंने 2008 में प्रोहिबिटेड बोर के लाइसेंस के लिए आवेदन किया था।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।