184 रनों के लक्ष्य का पीछा करते हुए भारतीय महिला टीम 49.3 ओवरों में 180 रन बनाकर पेवेलियन लौट गई। भारत के लिए पूर्व कप्तान मिताली राज ने 91 रनों की नाबाद पारी खेली लेकिन उनकी यह शानदार पारी बेकार साबित हुई।
भारतीय टीम की शुरुआत अच्छी नहीं रही थी। उसने 16 रन के कुल योग पर ही अनाघा देशपांडेय (0), अंजुम चोपड़ा (5), प्रियंका रॉय (3) और रुमेली धर (0) के रूप में अपने चार विकेट गंवा दिए थे।
त्रिशुर कामिनी दो रन के व्यक्तिगत योग पर चोट लगने के कारण मैदान से बाहर चली गईं। वह दोबारा बल्लेबाजी के लिए नहीं आ सकीं। इसके बाद मिताली और अमिता शर्मा (40) ने पांचवें विकेट के लिए 112 रनों की बहुमूल्य साझेदारी निभाई लेकिन अमिता का विकेट गिरने के बाद भारतीय टीम पर एक बार फिर संकट गहरा गया।
अमिता का स्थान लेने वाली कप्तान झूलन गोस्वामी ने छठे विकेट के लिए मिताली के साथ 45 रन जोड़कर जीत की उम्मीद को बनाए रखा लेकिन 19 रन बनाने वाली झूलने के पेवेलियन लौटने के बाद भारतीय पारी पूरी तरह भरभरा गई।
इंग्लैंड की ओर से जेनी गुन और भारतीय मूल की खिलाड़ी इशा गुहा ने एक सफलता हासिल की। मिताली 138 गेंदों पर छह चौकों की मदद से 91 रन बनाकर नाबाद लौटीं।
इससे पहले, गौहर सुल्ताना (30/4) की शानदार गेंदबाजी की बदौलत भारतीय टीम ने मौजूदा विश्व चैम्पियन इंग्लैंड की टीम को आठ विकेट पर 183 रनों पर सीमित कर दिया टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी मेहमान टीम की ओर से जेनी गुन ने सर्वाधिक 64 रन बनाए। गुन ने 92 गेंदों का सामना करते हुए आठ चौके लगाए।
भारत की ओर से प्रीति डिमरी ने दो और कप्तान झूलन गोस्वामी ने एक सफलता अर्जित की। इंग्लैंड की ओर से केरोलिन एटकिंस ने 22, रेनफोर्ड बेंट ने 27 और कैथरीन बंट्र ने नाबाद 21 रनों का योगदान दिया लेकिन लाइडिया ग्रीनवे (4), कप्तान चार्लोट एडवडर्स (15), बेथ मोर्गन (4), लाउरा मार्श और टैमी बिमोंट (0) ने निराश किया। भारतीय मूल की खिलाड़ी इशा गुहा सात रन बनाकर नाबाद लौटीं।
पांच एकदिवसीय मैचों की श्रृंखला में दोनों टीमें 1-1 की बराबरी पर हैं। शुक्रवार को इसी मैदान पर खेले गए पहले मुकाबले में भारत ने गौहर और झूलन की शानदार गेंदबाजी की बदौलत मौजूदा एकदिवसीय और ट्वेंटी-20 विश्व चैम्पियन इंग्लैंड टीम को 35 रनों से पराजित किया था।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।