इस तरह आईपीएल में हिस्सा लेने वाली फ्रेंचाइजी टीमों की संख्या बढ़कर 10 हो गई है। आईपीएल में मुंबई इंडियंस, दिल्ली डेयर डेविल्स, कोलकाता नाइट राइर्ड्स, रॉयल बैंगलोर चैलेंजर्स, डेक्कन चार्जर्स, चेन्नई सुपर किंग्स, राजस्थान रॉयल्स और किंग्स इलेवन पंजाब के रूप में आठ टीमें सक्रिय हैं।
चेन्नई के आईटीसी पार्क शेरेटन होटल में रविवार को हुई नीलामी में पुणे टीम को सहारा समूह ने खरीदा जबकि कोच्चि की टीम रांदेवू स्पोर्ट्स ग्रुप के हिस्से में गई। आईपीएल कमिश्नर ललित मोदी ने बताया कि रांदेवू समूह ने कोच्चि को अपना 'बेस' चुना जबकि सहारा के पास अहमदाबाद, नागपुर और पुणे के रूप में तीन स्थान थे। सहारा समूह ने अंतत: पुणे को अपना बेस चुना।
सहारा एडवेंचर स्पोर्ट्स ग्रुप ने पुणे फ्रेंचाइजी टीम के लिए सबसे अधिक 37 करोड़ डॉलर की बोली लगाई जबकि रांदेवू स्पोर्ट्स वर्ल्ड ग्रुप ने कोच्चि टीम के लिए 33.33 करोड़ डॉलर खर्च किए। नई टीमों को हासिल करने के लिए बोली की न्यूनतम रकम 25.5 करोड़ डॉलर रखी गई थी।
इन दो नई फ्रेंचाइजी टीमों के लिए कुल पांच दावेदार मैदान में थे। नई टीमों की घोषणा सात मार्च को ही होनी थी लेकिन बीसीसीआई ने नई फ्रेंचाइजी टीमों की निविदा से जुड़े नियमों में परिवर्तन करते हुए नीलामी की प्रक्रिया को 21 मार्च तक के लिए टाल दिया था।
आईपीएल-3 में कुल 60 मैच खेले जाने हैं जबकि दो नई टीमों के जुड़ने से इसके चौथे संस्करण में कुल मैचों की संख्या बढ़कर 94 हो जाएगी। आईपीएल-4 के लिए सभी टीमों के खिलाड़ियों के लिए नए सिरे से बोली लगानी है क्योंकि इस वर्ष सभी खिलाड़ियों का करार खत्म हो रहा है।
मुंबई इंडियंस का बेस मुंबई में है जबकि डेयर डेविल्स ने नई दिल्ली के फिरोजशाह कोटला स्टेडियम को अपना गृह मैदान चुना है। रॉयल चैलेंजर्स के लिए बेंगलुरू पहली पसंद थी जबकि शाहरुख खान ने नाइट राइर्ड्स के लिए कोलकाता के ईडेन गरडस को अपना बेस चुना।
इसी तरह डेक्कन क्रानिकल समूह ने डेक्कन चार्जर्स के बेस के रूप में हैदराबाद को चुना जबकि चेन्नई सुपर किंग्स का बेस बना चेन्नई का चेपक स्टेडियम। राजस्थान रॉयल्स का बेस जयपुर में और किंग्स इलेवन पंजाब का पेस चंडीगढ़ के निकट मोहाली में स्थिति पंजाब क्रिकेट संघ (पीसीए) का सुंदर मैदान है।
आईपीएल में खेल रहीं कुल आठ टीमों के लिए खर्च की गई रकम की बात करें तो उद्योगपति मुकेश अंबानी ने मुंबई इंडियंस के लिए 10 वर्षो के लिए 11.19 करोड़ डॉलर की बोली लगाई थी। इसी तरह विजय माल्या ने रॉयल चैलेंजर्स को 11.16 करोड़ डॉलर में हासिल किया था। टी. वेंकटराम रेड्डी ने डेक्कन चार्जर्स टीम का मालिकाना हक 10.7 करोड़ डॉलर में हासिल किया था।
चेन्नई सुपर किंग्स टीम का मालिक बनने के लिए एन. श्रीनिवासन ने 9.1 करोड़ डॉलर अपनी जेब से दिए थे जबकि डेयर डेविल्स के लिए डीएमआर समूह के जी.एम. राव ने 8.4 करोड़ डॉलर खर्च किए थे।
बांबे डाइंग्स समूह के मालिक नेस वाडिया और अभिनेत्री प्रीति जिंटा को किंग्स इलेवन पंजाब टीम के लिए 7.6 करोड़ डॉलर ढीले करने पड़े थे। साथ-साथ रहकर टीम का मालिकाना हक हासिल करने वाले ये दोनो अब अलग हो चुके हैं।
इसी तरह शाहरुख और अभिनेत्री जूही चावला ने नाइट राइर्ड्स टीम का मालिक बनने के लिए 7.5 करोड़ डॉलर खर्च किए थे। राजस्थान रॉयल्स के लिए मनोज बदाले ने 6.7 करोड़ डॉलर दिए थे। बाद में उन्होंने इस टीम का एक हिस्सा अभिनेत्री शिल्पा शेट्टी और उनके पति राज कुंदरा को बेच दी। कुंदरा और शिल्पा ने राजस्थान टीम का 11.7 प्रतिशत हिस्सा खरीदा।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।