केपटाउन, 4 जुलाई (आईएएनएस)। फुटबाल लेखक और खेल पत्रकार डेविड मिलर ने 1958 में पहली बार फीफा विश्व कप कवर किया था। तब से लेकर आज तक मिलर विश्व कप के 14 संस्करण कवर कर चुके हैं।
1958 में ब्राजील के महान खिलाड़ी पेले की उम्र महज 17 वर्ष थी और वह स्वीडन में आयोजित उस संस्करण के माध्यम से पहली बार विश्व कप में खेल रहे थे। पेले और मिलर ने एक साथ करियर शुरू किया था। पेले के पैर थम चुके हैं लेकिन मिलर की कलम आज भी चल रही है।
आज मिलर की उम्र 77 वर्ष है। इस दौरान उन्होंने अपनी आंखों के आगे फुटबाल के कई युगों को समाप्त होते, स्टार खिलाड़ियों को बनते-बिगड़ते और कई अनकही घटनाओं को घटते देखा है।
77 वर्ष की उम्र में भी कलम के इस पुजारी की ललक ज्यों की त्यों बनी हुई है। आईएएनएस से खास बातचीत के दौरान मिलर ने कहा, "विश्व कप में मेरी यात्रा पेले के उद्भव के साथ शुरू हुई थी। उस समय मैं द टाइम्स के लिए जूनियर रिपोर्टर के तौर पर काम किया करता था।"
"मैंने विश्व कप को कवर करने के लिए अपने पत्र से वर्क हॉलिडे की मांग की थी। पहले विश्व कप में मेरे सामने जस्ट फ्लोरेंट ने 13 गोल किए थे। वह फ्रांस के स्टार थे। उस समय फुटबाल बहुत आक्रामक अंदाज में खेला जाता था।"
मिलर एक दिन 'टाइम्स लंदन' के खेल संपादक बने। साथ ही उन्होंने ब्रिटेन के एक अन्य समाचार पत्र 'डेली एक्सप्रेस' के स्तंभकार के तौर पर प्रसिद्धि बटोरी। उन्हें तमाम उपलब्धियों के लिए 2004 में जूल्स रिमेट सेनेटरी अवार्ड से सम्मानित किया गया। यह सम्मान विश्व कप के 11 या उससे अधिक संस्करणों को कवर करने वाले पत्रकारों को दिया जाता है।
मिलर एक अच्छे फुटबाल खिलाड़ी भी रहे हैं। उन्होंने पोट्समाउथ एफसी (थर्ड इलेवन), चार्टरहाउस, पब्लिक स्कूल, कैंब्रिज विश्वविद्यालय और ब्रिटिश यूनिवर्सिटीज के लिए फुटबाल खेला है।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।