शान टेट ने सलामी बल्लेबाज जोनाथन वान्डियार (4) को सस्ते में आउट किया। यह विकेट छह रन के कुल योग पर गिरा। 39 के कुल योग पर वॉन वैन जार्सवेल्ड (8) भी पेवेलियन लौट गए। रिचर्ड कैमरन से लायंस टीम को काफी उम्मीदें थी लेकिन वह 17 ही बना सके।
लायंस क्लब ने सात ओवरों में 64 रन बना लिए हैं। कप्तान एल्विरो पीटरसन ने 19 गेंदों की तूफानी पारी में पांच चौके लगाए जबकि नील मैकेंजी एक रन बनाकर उनका साथ दे रहे हैं। उसका रन रेट काफी अच्छा है लेकिन उसे विकेट बचाए रखने की जरूरत है।
इससे पहले, टॉस हारने के बाद पहले बल्लेबाजी करते हुए साउथ आस्ट्रेलिया की टीम ने छह विकेट के नुकसान पर 178 रन बनाए। इसमें मिशेल क्लींगर के 78 और कैलम फग्र्यूसन के 47 रन शामिल हैं।
इन दोनों बल्लेबाजों ने तीसरे विकेट के लिए 97 रन जोड़े। क्लींगर ने 48 गेंदों का सामना करते हुए छह चौके और पांच छक्के लगाए जबकि फग्र्यूसन ने 27 गेंदों पर सात चौके जड़े।
इसके अलावा कोई और बल्लेबाज अपनी प्रतिभा के साथ न्याय नहीं कर सका। सलामी बल्लेबाज डेनियल हैरिस (13), कप्तान ग्राहम मानोउ (12), कैमरन बोर्गेस (2) और टॉम कूपर (0) ने निराश किया। डेनिएल क्रिस्टियन 12 रन बनाकर नाबाद लौटे।
लायंस टीम ने अपने पहले मुकाबले में इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के तीसरे संस्करण के उपविजेता मुंबई इंडियंस को नौ रनों से पराजित किया था।
साउथ आस्ट्रेलिया टीम का यह पहला मैच है। इस टीम में सबसे बड़ा नाम शॉन टेट का है, जो आज की तारीख में विश्व के सबसे तेज गेंदबाजों में से एक हैं।
लायंस टीम की कमान दक्षिण अफ्रीका के लिए अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट खेल चुके एल्विरो पीटरसन के हाथों में है जबकि साउथ आस्ट्रेलिया टीम की कप्तानी की जिम्मेदारी आस्ट्रेलिया के लिए टेस्ट खेल चुके विकेटकीपर बल्लेबाज ग्राहम मानोउ के कंधों पर है।
चैम्पियंस लीग ने खुद को शोहरत की बुलंदियों को छू चुकी आईपीएल के बाद विश्व क्रिकेट की सबसे लोकप्रिय गैर आधिकारिक ट्वेंटी-20 प्रतियोगिता के तौर पर स्थापित किया है। वर्ष 2009 में भारत में आयोजित इसका पहला संस्करण खासा लोकप्रिय रहा था।
पिछले वर्ष आस्ट्रेलियाई टीम न्यू साउथ वेल्स ने वेस्टइंडीज की घरेलू चैम्पियन टीम त्रिनिदाद एवं टोबैगो को हराकर खिताब जीता था। पहले संस्करण में कुल 12 टीमों ने हिस्सा लिया था लेकिन इस बार इस कुल 10 टीमों के बीच श्रेष्ठता की जंग हो रही है।
चैम्पियंस लीग के दूसरे संस्करण में न्यूजीलैंड से सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट्स स्टैग्स, भारत से चेन्नई सुपर किंग्स, मुंबई इंडियंस और बेंगलोर रॉयल चैलेंजर्स, वेस्टइंडीज से गयाना, दक्षिण अफ्रीका से लायंस और वारियर्स, आस्ट्रेलिया से साउथ आस्ट्रेलिया और विक्टोरिया तथा श्रीलंका से वायंबा की टीमें हिस्सा ले रही हैं।
10 टीमों को पांच-पांच के दो ग्रुप में विभाजित किया गया है। ग्रुप-ए में चेन्नई सुपर किंग्स, वारियर्स, विक्टोरिया, सेंट्रल डिस्ट्रिक्स और वायंबा को रखा गया है जबकि ग्रुप बी में मुंबई इंडियंस, लायंस, साउथ आस्ट्रेलिया, रॉयल चैलेंजर्स और गयाना की टीमें हैं। वर्ष 2009 की तरह इस बार भी चैम्पियंस लीग में 60 लाख डॉलर की पुरस्कार राशि दांव पर है।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।