महेंद्र सिंह धौनी की टीम विश्व वरीयता क्रम में सर्वोच्च क्रम पर है जबकि आस्ट्रेलियाई टीम मुद्दतों बाद चौथी वरीयता प्राप्त टीम के तौर पर भारत के सामने है। दो वर्ष पहले भारतीय टीम ने घरेलू श्रृंखला में आस्ट्रेलिया को 2-0 से पराजित किया था लेकिन उसके बाद आस्ट्रेलिया ने जोरदार वापसी करते हुए खुद को संगठित किया जबकि भारतीय टीम का प्रदर्शन लचर होने लगा था।
आज हालात बदल चुके हैं। कई प्रमुख दिग्गजों के संन्यास लेने के बाद आस्ट्रेलियाई टीम जहां परिवर्तन काल के गुजर रही है वहीं भारतीय टीम अपने युवा खिलाड़ियों और कई अनुभवी महारथियों के दम पर किसी भी टीम को हराने में सक्षम है।
यह देखना बड़ा रोचक होगा कि आस्ट्रेलियाई टीम भारतीय टीम को उसके पसंदीदा मैदान पर हराने में सफल होती है या नहीं। भारतीय टीम ने पिछले दो वर्षो में एक भी टेस्ट श्रृंखला नहीं गंवाई है। पिछली दो श्रृंखलाओं में उसने प्रतिद्वंद्वी टीमों को बराबरी पर रोका है।
मोहाली में भारत ने अब तक कुल नौ टेस्ट खेले हैं। पांच मुकाबले बराबरी पर रहे हैं जबकि तीन में उसे जीत मिली है। भारतीय टीम सिर्फ एक बार यहां हारी है।
टेस्ट शुरू होने से पहले ही भारत को खराब खबर सुनने को मिली है। उसके स्टार स्पिनर हरभजन सिंह का टखना पूरी तरह स्वस्थ नहीं है। ऐसे में उनके खेलने को लेकर संदेह की स्थिति बनी हुई है। कप्तान धौनी ने कहा है कि हरभजन को लेकर प्रबंधन शुक्रवार सुबह फैसला करेगा।
तेज गेंदबाजों को मदद पहुंचाने वाली मोहाली की पिच को देखते हुए इस मुकाबले के लिए पेसर शांताकुमारन श्रीसंत को मौका मिलने के आसार दिखाई दे रहे हैं। ऐसे में ऑफ स्पिनर अमित मिश्रा को बाहर रहना पड़ सकता है।
जहां तक बल्लेबाजी की बात है तो भारत के सलामी बल्लेबाजों-गौतम गंभीर और वीरेंद्र सहवाग सहित सभी दिग्गज खिलाड़ी फिट हैं। ऐसे में मुरली विजय और पहली बार टेस्ट टीम में शामिल किए गए चेतेश्वर पुजारा को इंतजार करना पड़ सकता है।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।