भूपति ने कहा कि एशियाई खेलों में भारतीय खिलाड़ियों के बेहतरीन प्रदर्शन को देखकर लोग आश्चर्यचकित थे। भारत पिछले 25 वर्षो से एशियाई टेनिस सर्किट पर हावी रहा है।
भारतीय खिलाड़ी सोमदेव ने एशियाई खेलों में पुरुषों के एकल स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीता था वहीं सनम सिंह के साथ युगल मुकाबले का भी स्वर्ण पदक उन्होंने अपने नाम किया था।
मिश्रित युगल में सानिया मिर्जा और विष्णु वर्धन की जोड़ी ने रजत पदक पर कब्जा किया था जबकि महिला एकल स्पर्धा में सानिया ने कांस्य पदक जीता। पुरुषों की टीम स्पर्धा में भी भारतीय खिलाड़ियों ने कांस्य पर कब्जा जमाया था।
नई दिल्ली में सम्पन्न 19वें राष्ट्रमंडल खेलों में पहली बार टेनिस को शमिल किया गया था जिसमें सोमदेव ने पुरुषों के एकल मुकाबले में स्वर्ण पदक जीता था।
भूपति ने 'आईएएनएस' से कहा,"भारतीय टेनिस के लिए यह सबसे बढ़िया साल रहा। सोमदेव ने राष्ट्रमंडल और एशियाई खेलों में शानदार प्रदर्शन किया। इस दौरान वह रैंकिंग में शीर्ष 100 से अंदर-बाहर होते रहे। अगला वर्ष उनका होगा।"
भूपति ने कहा,"मुझे नहीं पता कि चीन के क्वांगचो में एशियाई खेलों के दौरान भारतीय खिलाड़ियों के शानदार प्रदर्शन को देखकर लोग आश्चर्यचकित क्यों हो रहे थे। हमने पिछले 25 वर्षो से एशियाई टेनिस सर्किट पर अपनी खेल की बदौलत राज किया है जो भारतीय टेनिस की गहराई को बताता है। सोमदेव और सनम ने पिछले वर्ष चेन्नई ओपन के सेमीफाइनल तक का सफर तय किया था अगर वह इस बार स्वर्ण जीतते हैं तो इसमें कोई आश्चर्य नहीं होनी चाहिए।"
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।