वंदना
बीबीसी संवाददाता
दिल्ली के विनय मार्ग से अफ़्रीका एवेन्यू जाने वाले मार्ग पर शनिवार को सुबह-सुबह जाम लगा रहा. वजह सिर्फ़ ज़्यादा गाड़ियाँ होना नहीं था. जाम इसलिए भी लगा था क्योंकि कॉमनवेल्थ खेलों के लिए ट्रायल हो रहे हैं और एक लेन कुछ घंटों के लिए पूरी तरह आम लोगों के लिए बंद कर दी गई थी.
इसी यही हाल धौला कुँआ की तरफ़ भी था. दिल्ली पुलिस ने चार सितंबर को यातायात का जायज़ा लेने के लिए ट्रायल किया जिसमें दो मुख्य मार्गों को बंद कर दिया गया.
विशेष पुलिस आयुक्त (ट्रैफ़िक) अजय चढ्ढा ने ट्रायल से पहले जानकारी देते हुए बताया कि राष्ट्रमंडल खेलों के दौरान दिल्ली में कई मार्गों पर एक लेन आम लोगों के लिए बंद रहेगी. नियम तोड़ने वालों पर 2000 रुपए जुर्माना भी है. इस लेन पर नीले रंग के पैच बनाए जा रहे हैं जिसपर सीडब्ल्यूजी 2010 लिखा है.
शनिवार को हुए ट्रायल के दौरान भी ये लेन बंद रही और लोगों पर नज़र रखने के लिए जगह-जगह ट्रैफ़िक पुलिस भी तैनात थी.
यातायात की चुनौती
सुबह 11 बजे हम भी विनय मार्ग से अफ़्रीका एवेन्यु तक निकले और आरके खन्ना स्टेडियम तक गए. शुरु शुरु में तो सड़कें सूनी-सूनी थीं और यातायात पर ज़्यादा असर नहीं दिखा. लेकिन जैसे-जैसे हम आगे बढ़े एक लेन बंद होने का असर साफ़ नज़र आने लगा.
देखते ही देखते सड़क पर जाम लग गया और सन्नाटे की जगह गाड़ियों के ज़ोर-ज़ोर से बजे रहे हॉर्न ने ले ली.
अफ़्रीका एवेन्यु के पास काम करने वाले श्याम सुंदर काफ़ी नाराज़ आए. वे कहते हैं, “खेल अपनी जगह है लेकिन आम लोग इसके लिए नुकसान क्यों उठाए. आम लोगों के आने जाने के लिए कुछ तो अलग से इंतज़ाम होना चाहिए. हम काम पर आना तो बंद नहीं कर सकते.”
ट्रायल के दौरान जगह-जगह पुलिसकर्मी तो ज़रूर दिखे लेकिन पुलिस की ओर से लोगों में जागरुकता फैलाने को लेकर कोई मुहिम सड़कों पर नज़र नहीं आई.
आम दिनों में ही दिल्ली के ट्रैफ़िक का बुरा हाल रहता है, ज़ाहिर है जब खेलों के दौरान एक लेन बंद रहेगी तो लोगों को दिक्कत होना लाज़मी है जिससे जूझना पुलिस के लिए बड़ा सरदर्द रहेगा.