नई दिल्ली। भारत के राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने 74वें स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर जापान की राजधानी टोक्यो में खेलने गई भारतीय ओलंपिक टीम के लिये राष्ट्रपति भवन के कल्चरल सेंटर में चाय के लिये आमंत्रित किया था, जिसमें भारतीय टीम के लिये ओलंपिक में पदक जीतने वाले सभी खिलाड़ी पहुंचे। इस मौके पर कार्यक्रम से पहले बैडमिंटन का ब्रॉन्ज मेडल जीतने वाली पीवी सिंधु अपने साथी विजेता खिलाड़ियों को अपना पदक दिखाती नजर आयी। इस मौके पर राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने सभी खिलाड़ियों को ओलंपिक में पदक जीतने पर बधाई देते हुए कहा कि आपने देश के लिये जो सम्मान अर्जित किया है उस पर पूरे देश को गर्व है।
राष्ट्रपति भवन के कल्चरल सेंटर में आयोजित हुए इस चाय के कार्यक्रम में राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने टोक्यो ओलंपिक में भाग लेने वाले सभी खिलाड़ियों की तारीफ की और कहा कि आप लोगों के दम पर पहली बार भारत ओलंपिक के इतिहास में अपने सबसे ज्यादा पदक हासिल करने में कामयाब रहा।
उन्होंने कहा,'हाल ही में संपन्न हुए टोक्यो ओलंपिक खेलों में हमारे खिलाड़ियों ने अपने शानदार प्रदर्शन से देश का गौरव बढ़ाया है। भारत ने ओलंपिक खेलों के अपने 121 सालों की भागीदारी के इतिहास में सबसे ज्यादा मेडल हासिल कर इतिहास रचा है। खासतौर से हमारे देश की बेटियों ने अपने प्रदर्शन से सभी को प्रेरित किया है।'
राष्ट्रपति कोविंद ने संबोधन में आगे बात करते हुए कहा कि हमारी बेटियों ने अनेक बाधाओं को पार करते हुए खेल के मैदान पर विश्व स्तरीय प्रदर्शन किया है। हमारे देश की महिलाओं की भागीदारी खेल-कूद के साथ-साथ जीवन के हर क्षेत्र में ज्यादा सक्रिय तरीके से भाग ले रही हैं और बड़ा बदलाव ला रही हैं। उच्च शिक्षण संस्थानों से लेकर सेना के सशस्त्र बलों तक, लैब से लेकर खेल के मैदानों तक, हमारी बेटियों ने अपनी अलग पहचान बना ली है।
उन्होंने आगे कहा कि मुझे भारत के भविष्य में बेटियों की इस सफलता से विकास की झलक नजर आ रही है। मैं देश भर के माता-पिता से आग्रह करता हूं कि वो ऐसी ही होनहार बेटियों के परिवार से सीख लें और अपनी बेटियों को भी आगे बढ़ने का अवसर प्रदान करें।
राष्ट्रपति कोविंद ने ओलंपिक में पदक जीतने वाले खिलाड़ियों खास तौर से महिला खिलाड़ियों का धन्यवाद करते हुए कहा कि उनके शानदार प्रदर्शन की बदौलत देश को कोरोना महामारी के दुखद समय के बीच जश्न मनाने का कारण दिया।
उन्होंने कहा,'मैं आपको बताना चाहूंगा कि आपकी सफलता के लिये 130 करोड़ भारतीय प्रार्थना कर रहे थे और जीत का जश्न मना रहे थे। कई सालों के बाद ओलंपिक में भारतीय झंडा फहराने और नेशनल एंथम गाये जाने की भावना को नीरज चोपड़ा के साथ हर भारतीय ने महसूस किया। मैं कोच, सपोर्ट स्टाफ, परिवार के सदस्यों और सभी शुभचिंतकों का भी धन्यवाद करना चाहूंगा जिन्होंने तैयारी में अपना योगदान दिया। एक बार फिर से मैं आप सभी को शानदार प्रदर्शन के लिये बधाई देता हूं और भविष्य में नये रिकॉर्ड बनाने की कामना करता हूं।'
आपको बता दें कि राष्ट्रपति कोविंद ने ओलंपिक में पदक जीतने वाले खिलाड़ियों को चाय के लिये बुलाया था, जिसमें सभी खिलाड़ियों के साथ राष्ट्रपति ने मुलाकात कर उनके प्रदर्शन की तारीफ की।