नई दिल्ली। रेसलिंग की दुनिया में भारत के नाम को सात समंदर पार डब्ल्यूडब्ल्यूई में चमकाने वाले भारतीय पहलवान दिलीप सिंह राणा उर्फ द ग्रेट खली अब इसे हरियाणा में ला रहे हैं। वे गुड़गांव और पानीपत में डब्ल्यूडब्ल्यूई के मुकाबले आयोजित कराने जा रहे हैं।
हरियाणा को कुश्ती का गढ़ माना जाता है लेकिन यहां प्रोफेशनल कुश्ती पहली बाद सभी को देखने को मिलेगी। इसमें द ग्रेट खली खुद भी भाग लेंगे और रिंग में विरोधियों को चुनौती देते दिखेंगे। खली राज्य में कुश्ती एकेडमी भी खोलना चाहते हैं।
खली ने हरियाणा के खेल मंंत्री अनिल विज के साथ प्रेस कॉन्फ्रेंस में इस बारे में बताया। उन्होंने कहा कि हरियाणा में कुश्ती को लेकर अपार संभावनाएं हैं। यही वजह है कि वह डब्ल्यूडब्ल्यूई के मुकाबले हरियाणा में कराने जा रहे हैं। खली ने बताया कि उनकी एकेडमी में ज्यादातर पहलवान हरियाणा के हैं। उन्हाेंने इस संदर्भ में दिल्ली के मुख्यमंंत्री अरविंद केजरीवाल से भी संपर्क किया है।
खली के मुताबिक, वह ताकतवर पहलवान से खुद भी मुकाबला करने को तैयार हैं। प्रोफेशनल कुश्ती में अंडरटेकर, बटिस्टा सरीखे पहलवानों को चित करने वाले इस भारतीय पहलवान ने विदेशी पहलवानों को चुनौती देते हुए कहा कि जिस किसी पहलवान को लगता है कि वह उनसे जीत सकता है, वह यहां आकर उनसे लड़े।
खली ने नौसिखिया कुश्ती और प्रोफेशनल कुश्ती की महत्वता के बारे में कहा कि दोनों की अपनी वैल्यू हैै। इस मौके पर हरियाणा के खेल मंत्री अनिल विज ने मनोरंजक कुश्ती को करमुक्त करने की भी घोषणा की।
हिमाचल के मूल रूप से रहने वाले खली वहां भी इस खेल को प्रमोट करना चाहते थे लेकिन वहां उन्हें सरकार का अपेक्षित सहयोग नहीं मिला। खली ने कुश्ती शुरू करने से पहले जब अपना स्ट्रगल वाला दौर याद किया तो भावुक हो उठे।