समाचार पत्र 'द न्यूज' के मुताबिक बट्ट ने कहा कि पाकिस्तानी खिलाड़ियों के आईपीएल-3 में खेलने की संभावनाओं को लेकर उन्होंने अभी भी हार नहीं मानी है। बट्ट ने कहा, "आईपीएल-3 में अपने देश के खिलाड़ियों को जगह दिलाने के लिए मैं अपने स्तर पर प्रयास कर रहा हूं। पीसीबी ने इस मुद्दे को लेकर हार नहीं मानी है। आशा है कि यह मसला दो या तीन दिनों में सुलझा लिया जाएगा।"
उल्लेखनीय है कि आईपीएल के अध्यक्ष और कमिश्नर ललित मोदी ने दो दिन पहले कहा था कि पीसीबी द्वारा अपने खिलाड़ियों के लिए सरकार से वीजा हासिल करने में नाकाम रहने के बाद पाकिस्तानी खिलाड़ियों के साथ करार करने वाली फ्रेंचाइजी टीमों को अब उनके स्थानापन्न खिलाड़ियों के बारे में विचार शुरू कर देना चाहिए।
पाकिस्तानी खिलाड़ियों को वीजा हासिल करने के लिए सात दिसंबर तक का अंतिम समय दिया गया था लेकिन पीसीबी तय समय पर यह काम पूरा नहीं कर सका। ऐसे में आईपीएल ने पीसीबी को इस बात की जानकारी दे दी है कि वीजा हासिल करने की तारीख बढ़ाने का उसका कोई इरादा नहीं, लिहाजा अब पाकिस्तानी खिलाड़ी आईपीएल के तीसरे संस्करण में हिस्सा नहीं ले सकेंगे।
पाकिस्तानी टीम के पांच खिलाड़ी - कामरान अकमल, मिस्बाह उल हक, अब्दुर रज्जाक, उमर गुल और सोहेल तनवीर ने आईपीएल के पहले संस्करण में हिस्सा लिया था। मुंबई पर हुए आतंकवादी हमले के बाद भारत और पाकिस्तान के बीच खराब हुए कूटनीतिक रिश्तों के कारण ये खिलाड़ी इस वर्ष दक्षिण अफ्रीका में आयोजित आईपीएल के दूसरे संस्करण में भी हिस्सा नहीं ले सके थे।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।