सिंगापुर। देश के कुछ असामाजिक तत्व जिस सानिया मिर्जा को पाकिस्तानी बहू पहले और भारत की बेटी बाद में कहते हैं, उसी ने भारत का परचम एक बार फिर ऊंचाईयों पर लहराया है। जी हां भारतीय शीर्ष टेनिस स्टार सानिया मिर्जा ने जिम्बाब्वे की अपनी जोड़ीदार कारा ब्लैक के संग डब्ल्यूटीए फाइनल में खिताबी जीत दर्ज की। इस मुकाबले में सानिया-कारा ने महिला युगल वर्ग के फाइनल मुकाबले में तीसरी वरीय जोड़ी ने दूसरी वरीय चीनी ताइपे की हसिएह सू वेई और पेंग शुआई की जोड़ी को सीधे सेटों में 6-1, 6-0 से हरा दिया।
सिंगापुर के इंडोर स्टेडियम में खला गया यह टूर्नामेंट सानिया-कारा का आखिरी टूर्नामेंट है। दोनों ने इस जीत को हासिल करने में एक घंटे का समय लिया। सानिया-कारा ने पहले सेट से ही कोर्ट पर अपना दबदबा बना लिया। पहले सेट में हसिएह-पेंग की जोड़ी अपनी सर्विस में सिर्फ एक गेम जीत सकीं।
दूसरे सेट में भी सानिया-कारा ने शानदार प्रदर्शन करते हुए अपनी सर्विस के सारे गेम जीत लिए और विपक्षी चीनी ताइपे की जोड़ी का सर्विस तीन बार ब्रेक किया। मौजूदा सत्र में सानिया-कारा की जोड़ी शानदार फॉर्म में रही और इससे पहले वे अमेरिकी ओपन के सेमीफाइनल तक पहुंचने में भी सफल रही थीं। पिछले ही महीने दोनों ने डब्ल्यूटीए फाइनल्स को अपना एकसाथ आखिरी टूर्नामेंट घोषित किया था।