भारतीय टीम को इस योग तक पहुंचाने में गौतम गंभीर (167), वीरेंद्र सहवाग (131) और राहुल द्रविड़ (144) का महत्वपूर्ण योगदान है। मैच का पहला दिन पूरी तरह से भारतीय बल्लेबाजों के नाम रहा था। इस दिन गंभीर और सहवाग ने मेहमान गेंदबाजों की बखिया उधेड़ते हुए लगभग 5.50 के औसत से रन बटोरे थे।
खबर लिखे जाने तक भारतीय टीम ने 138 ओवरों के खेल के दौरान चार विकेट के नुकसान पर 608 रन बना लिए थे। लक्ष्मण 108 गेंदों पर पांच चौकों की मदद से 60 रन बनाकर खेल रहे थे जबकि युवराज ने 70 गेंदों पर दो चौकों और इतने ही छक्कों की मदद से 50 रन बनाए थे।
मैच के पहले दिन मंगलवार को दो विकेट के नुकसान पर 417 रन बनाने वाली मेजबान टीम ने बुधवार को पहले ही सत्र में द्रविड़ और सचिन तेंदुलकर (40) के विकेट गंवा दिए। मंगलवार को तेंदुलकर 20 और द्रविड़ 85 रनों पर नाबाद लौटे थे।
द्रविड़ ने खेल के शुरुआती घंटे में ही हालांकि तेजी से रन बटोरते हुए शतक जड़ दिया। उनके टेस्ट करियर का यह 28वां शतक है। द्रविड़ ने अहमदाबाद में खेले गए पहले टेस्ट मैच की पहली पारी में भी 177 रन बनाए थे। द्रविड़ और तेंदुलकर के बीच तीसरे विकेट के लिए 94 रनों की साझेदारी हुई।
भारतीय टीम को दूसरे दिन तेंदुलकर के रूप में पहला झटका लगा। पहले दिन 20 रनों के निजी स्कोर पर नाबाद रहने वाले तेंदुलकर 40 रनों के व्यक्तिगत स्कोर पर असंथा मेंडिस का शिकार बन गए। उनके आउट होने के कुछ देर बाद द्रविड़ भी रंगना हेराथ के सीधे थ्रो पर रन आउट होकर पेवेलियन लौट गए।
अहमदाबाद में खेला गया तीन मैचों की श्रृंखला का पहला टेस्ट मैच ड्रा हो गया था।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।