समाचार एजेंसी डीपीए के मुताबिक विश्व कप आयोजन समिति के स्थानीय मुख्य कार्यकारी अधिकारी जॉर्डान ने कहा, "हम चाहेंगे कि मेजबान देश को अच्छा ड्रॉ मिले, जिससे कि वह दूसरे दौर में जगह बनाने में सफल रहे। पहले दौर में उसकी हार के कारण स्थानीय लोगों के लिए यह आयोजन नीरस हो सकता है।"
विश्व कप को लेकर 'बाफाना-बाफाना' (लड़के-लड़के) नाम से मशहूर दक्षिण अ्रफ्रीकी टीम के खिलाड़ी भी काफी दबाव में हैं। इस मुकाम तक पहुंचने के लिए उन्होंने पिछले सात महीनों तक जोरदार मेहनत की है।
जून में अपने देश में आयोजित कन्फेडरेशन कप में अच्छा प्रदर्शन करने के बाद यह टीम अब तक खेले गए नौ दोस्ताना मुकाबलों में से आठ हार चुकी है। खास बात यह है कि सभी दोस्ताना मुकाबले दोयम दर्जे की टीमों के साथ हुए हैं।
नवंबर में ब्राजीली कोच कार्लोस अल्बटरे परेरा के टीम में शामिल होने के बाद से इन खिलाड़ियों के खेल में काफी सुधार आया है। परेरा की देखरेख में इस टीम ने जापान और जमैका के साथ ड्रॉ खेला है।
विश्व कप के लिए शुक्रवार को ड्रॉ निकाले जाने हैं और टिकटों की बिक्री इसी के बाद से तेजी पकड़ेगी। ड्रॉ से पता चलेगा कि 32 टीमों में से कौन-कौन सी टीमें पहले दौर में आपस में भिड़ेंगी। साथ ही ड्रॉ के माध्यम से यह भी पता चल जाएगा कि किन टीमों के मैच किस शहर में खेले जाने हैं।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।