समाचार पत्र 'द न्यूज' ने आलम के हवाले से लिखा है कि ट्वेंटी-20 टीम के लिए चयनित खिलाड़ियों को टेस्ट तथा एकदिवसीय मैचों से दूर रखा जाएगा। इससे उनके खिलाड़ी टेस्ट तथा एकदिवसीय मैचों में अच्छा प्रदर्शन कर सकेंगे।
आलम ने कहा, "ज्यादा ट्वेंटी-20 क्रिकेट खेलने से विकेट पर जमे रहने की क्षमता खत्म हो जाती है। टेस्ट क्रिकेट के लिए संयम और स्थायित्व जरूरी होता है जबकि ट्वेंटी-20 का स्वाभाव इससे बिल्कुल उलट है। ऐसे में हमें एक अलग ट्वेंटी-20 टीम का गठन करना चाहिए, जिसके खिलाड़ी टेस्ट और एकदिवसीय मैचों से दूर रखे जाएंगे।"
इससे पहले, पाकिस्तानी टीम के कप्तान मोहम्मद यूसुफ ने भी कहा था कि ट्वेंटी-20 की चमक-धमक और उसके भिन्न स्वाभाव के कारण पाकिस्तानी क्रिकेट खात्मे की ओर बढ़ रहा है। विशेषज्ञ टेस्ट बल्लेबाज माने जाने वाले यूसुफ पाकिस्तान की ट्वेंटी-20 टीम के सदस्य नहीं हैं।
आलम और यूसुफ पर आस्ट्रेलिया में जारी टेस्ट श्रृंखला को गंवाने के बाद जबरदस्त दबाव है। ब्रिस्बेन में खेले गए दूसरे टेस्ट मैच की समाप्ति के बाद कप्तान ने स्वीकार किया था कि ठहराव नहीं होने के कारण उनके बल्लेबाज टीम के लिए योगदान देने में नाकाम रहे हैं। तीन मैचों की श्रृंखला में मेहमान टीम 0-2 से पिछड़ रही है।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।