नई दिल्ली। भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच खेली जा रही टी20 सीरीज के दूसरे मैच में विराट सेना ने 6 विकेट से जीत हासिल कर टी20 सीरीज को अपने नाम कर लिया है। भारतीय टीम ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 2-0 की अजेय बढ़त हासिल कर ली है और सीरीज का आखिरी मैच मंगलवार को सिडनी के मैदान पर ही खेला जायेगा। ऑस्ट्रेलियाई टीम ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 194 रनों का विशाल स्कोर खड़ा किया जिसके बाद शायद ही किसी को लगा होगा कि वह मैच को जीत नहीं पायेंगे।
ऑस्ट्रेलियाई टीम ने मैच के दौरान अच्छी वापसी की लेकिन उसके पास हार्दिक पांड्या का जवाब नहीं था जिसके चलते उनकी टीम को हार का सामना करना पड़ा। भारतीय टीम को जीत के लिये आखिरी 2 ओवर्स में 25 रनों की दरकार थी। 19वें ओवर में जब एंड्रयू टॉय गेंदबाजी करने आये थे तो हार्दिक पांड्या लगातार 2 गेंद झेलने के बाद उन्होंने बल्ले को बदला।
और पढ़ें: AUS vs IND: शिखर धवन की स्टंपिंग करने के बाद वेड को याद आये धोनी, जानें क्या कहा
हार्दिक पांड्या के लिये बल्ला बदलने का मूव काम आया और उन्होंने अगली 2 गेंदों पर लगातार 2 चौके लगाकर 8 रन बटोरे और आखिरी ओवर में जीत के लिये उसे बस 14 रन बचे। मैच के बाद जब हार्दिक पांड्या से बल्ला बदलने के पीछे का कारण पूछा गया तो उन्होंने कहा कि उससे कोई खास फर्क नहीं पड़ने वाला था क्योंकि मैं वैसे भी गेंद को मारने ही वाला था।
उन्होंने कहा,' उस वक्त मेरे दिमाग में यही चल रहा था कि हम जीत से महज 2 अच्छे शॉट दूर हैं। मै छक्के लगाने से ज्यादा मैच को फिनिश करना चाहता था और मैं खुश था कि मैं यह करने में सफल रहा। मुझे मैच को आखिरी गेंद तक ले जाना अच्छा नहीं लगता था। बल्ले को बदलने के पीछे कोई खास कारण नहीं था, मैं गेंद को वैसे भी मारने ही वाला था। मेरा बैट टूट गया था और मैं उससे पिछले 3 सालों से बैटिंग कर रहा था। यह ठीक लगा और मैने बदल लिया।'
और पढ़ें: AUS vs IND: शिखर धवन की स्टंपिंग करने के बाद वेड को याद आये धोनी, जानें क्या कहा
गौरतलब है कि हार्दिक पांड्या की शानदार पारी की बदौलत भारतीय टीम ने 2 गेंद पहले ही 6 विकेट से मैच को जीत लिया और 12वीं बार 3 और उससे ज्यादा मैचों की सीरीज को जीत लिया।