नई दिल्ली। भारतीय क्रिकेट की नई पौध तैयार करने में लगे पूर्व भारतीय कप्तान राहुल द्रविड़ की एक बात बीसीसीआई ने नहीं मानी है। दरअसल अपनी सादगी से सभी का दिल जीतने वाले राहुल द्रविड़ भरतीय अंडर-19 औक भारत-ए के कोच हैं। द्रविड़ के कोच रहते हुए भारतीय टीम ने न्यूजीलैंड में अपना चौथा अंडर-19 वर्ल्ड कप जीता था। हालांकि राहुल द्रविड़ की एक सलाह को बीसीसीआई ने ठुकरा दिया है। दरअसल राहुल द्रविड़ ने बीसीसीआई को कोचिंग मैनुअल को अपडेट करने की मांग की थी, लेकिन बोर्ड ने उनकी मांग को ठुकराते हुए अपने पुराने मैनुअल को जारी रखने का निर्णय लिया है।
आपको बता दें कि राहुल द्रविड़ ने तीन साल पहले नेशनल क्रिकेट एकेडमी (एनसीए) में जूनियर लेवल के कोचों को ट्रेनिंग देने के लिए तैयार मैनुअल को आउटडेटेड करार दिया था। बीसीसीआई के एक अधिकारी ने बताया कि राहुल द्रविड़ ने जूनियर टीमों का कोच बनाए जाने से पहले ही कोचिंग मैनुअल को अपग्रेड करने की सलाह दी थी। जिसे ठंडे बस्ते में डाल दिया गया है।
इसलिए बीसीसीआई ने नहीं मानी द्रविड़ की सलाह
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक बीसीसीआई ने द्रविड़ के विचार को इसलिए खारिज नहीं किया कि वह उपयोगी नहीं थे, बल्कि कोचिंग मैनुअल समय पर तैयार नहीं हो सका। ऐसे में बोर्ड को पुराने मैनुअल के साथ ही ट्रेनिंग प्रोग्राम शुरू करने का फैसला करना पड़ा। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, एक निजी कंपनी को नया मैनुअल तैयार करने की जिम्मेदारी दी गई थी। कंपनी समय पर अपग्रेडेड मैनुअल तैयार करने में विफल रही, लिहाजा बोर्ड को मजबूरी में पुराने मैनुअल के साथ ही प्रशिक्षण सत्र शुरू करने का फैसला लेना पड़ा।