Birthday Special : 'स्विंग बॉलिंग' के बादशाह रहे हैं वसीम अकरम, बिना घरेलू क्रिकेट खेले किया था डेब्यू

कराची : पाकिस्तान के पूर्व कप्तान वसीम अकरम के लिए आज का दिन बेहद खास है। वह आज अपना जन्मदिन मना रहे हैं। उनका जन्म 3 जून, 1966 को पाकिस्तान के लाहौर में हुआ था। विकेट लेने के बाद जश्न मनाने की उनकी शैली को आज भी याद किया जाता है। उन्हें गेंदबाजी से जितना प्यार है, उतनी ही उन्हें अपनी कमेंट्री भी पसंद है। यह कहना सुरक्षित है कि वह पाकिस्तान के कुछ चुनिंदा खिलाड़ियों में से एक है जो अच्छी अंग्रेजी बोल सकता है। वो खिलाड़ी हैं वसीम अकरम।

वसीम अकरम- द किंग ऑफ स्विंग

वसीम को 'स्विंग बॉलिंग' का बादशाह माना जाता है। रिवर्स स्विंग और पाकिस्तानी गेंदबाज के बीच का रिश्ता बहुत करीबी है। उन्होंने सरफराज नवाज द्वारा शुरू की गई रिवर्स स्विंग की कला इमरान खान को सिखाई। उन्होंने इसे वसीम को दिया। वसीम घरेलू टूर्नामेंट में खेले बिना अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण करने वाले चुनिंदा खिलाड़ियों में से एक हैं। पाकिस्तान टीम में उनके शामिल होने की कहानी भी दिलचस्प है। वसीम लाहौर के मशहूर गद्दाफी स्टेडियम में आयोजित सिलेक्शन टेस्ट में भी गए थे। पहले दो दिनों में उन्हें गेंदबाजी करने का ज्यादा मौका नहीं मिला। तीसरे दिन, नेट्स में खेल रहे जावेद मियांदाद ने वसीम की गेंदबाजी को देखा और तुरंत वसीम को पाकिस्तान टीम में शामिल करने की सिफारिश की।

90 के दशक में अकरम

90 के दशक में अकरम एलन डोनाल्ड, ग्लेन मैक्ग्रा, वॉल्श, एम्ब्रोस, वकार यूनुस जैसे तेज गेंदबाजों के बीच सही थे। स्विंग के साथ-साथ गेंद की गति को नियंत्रित करने की उनकी क्षमता चर्चा का विषय थी। कई लोगों ने गेंद को तेजी से फेंकने की उनकी शैली को बहुत पसंद किया, हाथ में गेंद की सीम के साथ शॉर्ट रन-अप लिया। उसने जितनी आसानी से बाउंसर फेंका, उतनी ही आसानी से उसने धीमी बाउंसर को फेंका और बल्लेबाज को आउट किया।

सचिन का बल्लेबाजी रिकाॅर्ड छोड़िए, गेंदबाजी में भी जबरदस्त थे, देखें आंकड़े

वसीम की वर्ल्ड कप जिताने में अहम भूमिका

वसीम की गेंदबाजी और इमरान खान की कप्तानी ने पाकिस्तान को वर्ल्ड कप जिताने में अहम भूमिका निभाई थी। इंग्लैंड के खिलाफ फाइनल में उन्होंने जो तीन गेंदें फेंकी, वे एलन लैम्ब, क्रिस लुईस और इयान बॉथम के विकेट लेने के लिए बहुत बड़ी थीं। 90 के दशक में वसीम और वकार की बल्लेबाजों की जोड़ी अक्सर बल्लेबाजों के होश उड़ा देती थी। करियर की उम्मीद में वसीम को पता चला कि उन्हें डायबिटीज है। वसीम उस समय पाकिस्तान टीम के सबसे फिट खिलाड़ियों में से एक थे। वह हर दिन कम से कम 10 किमी दौड़ता था। इसके बावजूद वसीम यह सुनकर हैरान रह गए कि उन्हें डायबिटीज है। उस सदमे से उबरने में उन्हें करीब एक महीने का समय लगा। उसके बाद भी उन्होंने न केवल क्रिकेट खेला बल्कि टेस्ट और वनडे क्रिकेट में 150 से अधिक विकेट भी लिए।

2003 वर्ल्ड कप में तेंदुलकर को कैच कराया

2003 वर्ल्ड कप में जब तेंदुलकर को उनकी गेंदबाजी पर अब्दुल रज्जाक के हाथों कैच कराया गया तो उनका आक्रामक चेहरा एक भारतीय प्रशंसक की तरह लग रहा था, लेकिन वसीम की गेंदबाजी के प्रशंसक के रूप में यह निश्चित रूप से बुरा लगा। इस वर्ल्ड कप में वसीम वनडे में 500 विकेट लेने वाले पहले गेंदबाज बने। (उनका रिकॉर्ड बाद में मुरलीधरन ने तोड़ा था।) विश्व कप के तुरंत बाद, उन्हें पाकिस्तान टीम से बाहर कर दिया गया था। वह भी बिना इंतजार किए रिटायर हो गए। वसीम आज भी पाकिस्तान के सबसे सफल गेंदबाज हैं। क्लास ए मैचों में उनका 881 विकेट का रिकॉर्ड अभी भी बरकरार है। वसीम के नाम टेस्ट और एकदिवसीय क्रिकेट में दो-दो हैट्रिक लेने वाले एकमात्र गेंदबाज होने का अनूठा रिकॉर्ड भी है।

For Quick Alerts
ALLOW NOTIFICATIONS
For Daily Alerts

Read more about: wasim akram birthday cricket pcb
Story first published: Thursday, June 3, 2021, 11:48 [IST]
Other articles published on Jun 3, 2021
POLLS
तुरंत पाएं न्यूज अपडेट
Enable
x
Notification Settings X
Time Settings
Done
Clear Notification X
Do you want to clear all the notifications from your inbox?
Yes No
Settings X