PM मोदी का ऐलान- अब राजीव गांधी नहीं, मेजर ध्यानचंद के नाम से दिए जाएंगे खेल रत्न अवार्ड

Rajiv Gandhi Khel Ratna Award कहलाएगा Major Dhyan Chand Khel Ratna Award | PM Modi | वनइंडिया हिंदी

नई दिल्ली। टोक्यो ओलंपिक में भारतीय दल ने अपने खेल से हर किसी का दिल जीत लिया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शुरू से ही भारतीय दल का हाैसल बढ़ाते हुए नजर आते दिखे। पीएम मोदी ने ना सिर्फ जीते बल्कि हारे हुए खिलाड़ियों के खेल की भी जमकर प्रशंसा की है। इसी बीच पीएम मोदी ने ऐलान किया है कि राजीव गांधी खेल रत्न पुरस्कार को अब मेजर ध्यानचंद खेल रत्न पुरस्कार कहा जाएगा।

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पीएम मोदी ने ट्वीट करते हुए कहा, "मुझे भारत भर के नागरिकों से मेजर ध्यानचंद के नाम पर खेल रत्न पुरस्कार का नाम देने के लिए कई अनुरोध मिल रहे हैं। मैं धन्यवाद देता हूं उनके विचारों के लिए। उनकी भावना का सम्मान करते हुए, खेल रत्न पुरस्कार को मेजर ध्यानचंद खेल रत्न पुरस्कार कहा जाएगा।'' उन्होंने, ''मेजर ध्यानचंद भारत के उन अग्रणी खिलाड़ियों में से थे जिन्होंने भारत के लिए सम्मान और गौरव लाया। यह सही है कि हमारे देश का सर्वोच्च खेल सम्मान उन्हीं के नाम पर रखा जाएगा। ओलंपिक खेलों में भारतीय खिलाड़ियों के शानदार प्रयासों से हम सभी अभिभूत हैं। विशेषकर हॉकी में हमारे बेटे-बेटियों ने जो इच्छाशक्ति दिखाई है, जीत के प्रति जो ललक दिखाई है, वो वर्तमान और आने वाली पीढ़ियों के लिए बहुत बड़ी प्रेरणा है।''

उन्होंने आगे कहा, ''देश को गर्वित कर देने वाले पलों के बीच अनेक देशवासियों का ये आग्रह भी सामने आया है कि खेल रत्न पुरस्कार का नाम मेजर ध्यानचंद जी को समर्पित किया जाए। लोगों की भावनाओं को देखते हुए, इसका नाम अब मेजर ध्यानचंद खेल रत्न पुरस्कार किया जा रहा है।''

केंद्रीय सड़क, परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने पीएम के इस फैसले पर खुशी जताई है। उन्होंने ट्वीट करते कहा- खेल रत्न पुरस्कार का नाम मेजर ध्यानचंद जी को समर्पित कर दिया गया है। अब इसे मेजर ध्यानचंद खेल रत्न पुरस्कार कहा जाएगा। अनेकों देशवासियों के आग्रह पर प्रधानमंत्री मोदी ने इसकी घोषणा की है। मुझे खुशी है कि अब इससे पुरस्कार की प्रतिष्ठा और बढ़ेगी।

ध्यानचंद को अब तक के सबसे महान हॉकी खिलाड़ियों में से एक माना जाता है। विश्व पटल पर दशकों तक भारत का हॉकी पर दबदबा रहा और ओलंपिक में वे अजेय रहे। ध्यानचंद ने 1928, 1932 और 1936 के ओलंपिक में भारत के लिए स्वर्ण पदक जीतने में अहम भूमिका निभाई थी। गुरुवार को, भारत ने 1980 के बाद से अपना पहला ओलंपिक हॉकी पदक जीता जब पुरुष टीम ने जर्मनी को तनावपूर्ण मैच में हराया।

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Story first published: Friday, August 6, 2021, 12:52 [IST]
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